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आखिर पकड़ा गया पुनीत संधू का असली हत्यारा

Tue, 21 Oct 2014 09:42 AM IST
ब्यूरो/अमर उजाला, चंडीगढ़
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चंडीगढ़ पुलिस ने पुनीत संधू हत्याकांड के मामले में अमित के पिता और आरोपी रामलाल को गिरफ्तार कर लिया है। चंडीगढ़ पुलिस ने रामलाल को देर शाम गिरफ्तार किया।
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चंडीगढ़ पुलिस ने पुनीत संधू की हत्या के आरोप में अमित की बहन अंजू और उसके ब्वायफ्रेंड सुप्रीत को गिरफ्तार किया था। इन दोनों से चंडीगढ़ पुलिस जांच कर रही है। उसको सेक्टर-34 पुलिस ने गिरफ्तार किया है।

सेक्टर-49 की पंजाब एंड सिंध बैंक सोसाइटी के मकान नंबर 720 में रहने वाली माडल पुनीत संधू की मर्डर मिस्ट्री के राज अब उजागर होने लगे हैं।

पुलिस का दावा है कि पुनीत संधू की हत्या की साजिश अमित के घरवालों ने रची। जिसको अंजाम दिया अमित के दोस्त सुप्रीत ने।

अमित के दोस्त सुप्रीत को दी गई सुपारी

इस मामले में चंडीगढ़ पुलिस ने स्पष्ट किया है कि अमित के दोस्त सुप्रीत को पुनीत की हत्या करने के लिए छह लाख की सुपारी दी गई। पुलिस ने हत्या में प्रयोग की गई पिस्टल और कारतूस के बारे में छानबीन कर रही है।

पुलिस को मौके से तीन खोखे और पिस्टल के दो कारतूस बरामद किए थे। सूत्र बताते हैं कि इस मर्डर का प्लान अमित की बहन अंजू ने सुप्रीत के साथ मिलकर रची। अंजू मंशादेवी कांप्लेक्स सेक्टर-4 के हाउस नंबर 327 में रहती है।

उसने पुनीत की हत्या के लिए सुप्रीत को 6 लाख रुपये की सुपारी दी, जिसमें एक लाख एडवांस देकर बाकी पांच लाख हत्या के बाद देने को कहा गया। पुलिस ने अंजू और सुप्रीत को गिरफ्तार कर कोर्ट में पेश किया।

रिमांड के दौरान हो रही है जांच

पुलिस ने पूछताछ के लिए दोनों आरोपियों को दो दिन की पुलिस रिमांड पर लिया है। चंडीगढ़ पुलिस इस मामले में जांच यह कर रही है कि फाइनेंसर रामलाल और उसके बेटे अमित की इसमें क्या भूमिका है।

सेक्टर-48 निवासी सुप्रीत और अमित में गहरी दोस्ती थी। अमित के सेक्टर-49 स्थित मकान में वह अकसर आता-जाता था। वही ऐसी कड़ी थी जिसका फायदा आरोपी अंजू ने उठाया।

पुलिस के अनुसार अमित और सुप्रीत के करीबी होने का लाभ अंजू ने उठाया और उसको हत्या के लिए उकसाया और जब नहीं माना तो पैसों का लालच दिया।

सुप्रीत ने ऐसे दिया घटना को अंजाम

अमित, सुप्रीत के साथ खाना खाते समय पुनीत से फोन पर बात करता रहा। उसने पुनीत से कहा कि वह उसके लिए बाहर से खाना लेकर आ रहा है। सुप्रीत उसके घर पहले ही पहुंच गया। इसके बाद वह पुनीत के कुत्ते को छत पर बांधा आया।

सुप्रीत ने पुनीत का गला दबाने का प्रयास किया, पुनीत उससे भिड़ गई। इस पर अमित ने उसने सिर और चेहरे पर किसी धारदार हथियार से वार किया।

पुनीत जमीन पर गिरी तो सुप्रीत ने 7.5 एमएम पिस्टल से पुनीत के तीन गोलियां मारी। एक गोली पुनीत के सिर, दूसरी कंधे और तीसरी उसके पेट पर लगी।

अमित के‌ पिता को पसंद नहीं था साथ रहना

मॉडल पुनीत संधू की हत्या मामले में चौंकाने वाला खुलासा हुआ है। पुनीत के साथ पिछले दो साल से रह रहे अमित उर्फ अम्मु चौधरी के पिता रामलाल को दोनों का साथ रहना पसंद नहीं था। परिजनों के अनुसार रामलाल ने पहले भी पुनीत को जान से मारने की धमकी दी थी। पुलिस इस मामले में अमित से भी पूछताछ कर रही है।

शुक्रवार को पुनीत के परिजन घटना की जानकारी पाकर पटियाला से चंडीगढ़ आए। पुलिस ने एक अज्ञात के खिलाफ हत्या की शिकायत दर्ज करके उसकी तलाश कर दी है। बता दें कि सेक्टर-49 स्थित पंजाब एंड सिंध बैंक सोसायटी के फ्लैट नंबर-720 में किराए पर रहने वाली पूर्व माडल पुनीत संधू की हत्या कर दी गई थी।

मामले में शक की सुई पुनीत के साथ पिछले दो साल से रह रहे अमित के परिवार पर घूम रही है। पुलिस की जांच से यह स्पष्ट है कि पुनीत की हत्या गोली मारकर की गई थी। पुनीत संधू को रात करीब 10.30 बजे गोली मारी गई थी।
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माडलिंग करती थी पुनीत संधू

पुलिस से मिली जानकारी के अनुसार पुनीत संधू तीन साल पहले मॉडलिंग करती थी, वह तभी अमित के संपर्क आई। धीरे-धीरे दोनों की नजदीकियां बढ़ने के बाद पुनीत और अमित पिछले दो साल से इस फ्लैट में रहने लगे थे।

अमित की शादी पहले हो चुकी है। इसकी पहली पत्नी के दो बच्चे भी है, लेकिन पिछले दो साल से वह अपने परिवार के साथ नहीं रह रहा था। मालूम हो कि अमित का पिता रामलाल फाइनेंसर का काम करता है।

पूर्व होम सेक्रेटरी एनके जैन मामले में रामलाल सह-आरोपी रहा है। सूत्रों के अनुसार रामलाल शहर के एक बड़े नेता का करीबी भी बताया जा रहा है।

जांच में पता चला है कि अमित और पुनीत के बीच काफी अटैचमेंट थी। पुनीत के लिए वह अपने परिवार से भी लड़ जाता था। पुलिस को अब तक ऐसी कोई वजह नहीं मिली है, जिसमें अमित आरोपी साबित हो।
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