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डेढ़ करोड़ की कार में ड्रग्स की सप्लाई करता था व्यापारी, ऑनलाइन होता था खेल

Fri, 09 Jun 2017 09:18 AM IST
पुरुषोत्तम वर्मा/ सुशील गंभीर/अमर उजाला, चंडीगढ़
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- फोटो : Demo Pic
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दिल्ली में पकड़े गए हाई प्रोफाइल ड्रग्स रैकेट की जडे़ं चंडीगढ़ तक फैली हैं। रैकेट के आकाओं में शामिल अमित अग्रवाल चंडीगढ़ सेक्टर-22 का रहने वाला है। वह प्रेफर लॉजिस्टिक्स कंपनी का मैनेजिंग डायरेक्टर है और बुधवार को उसको डेढ़ करोड़ की मर्सडीज में आइस के साथ गिरफ्तार किया गया था।
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 प्रेफर लॉजिस्टिक्स कंपनी के पास एक ऑन लाइन शापिंग कंपनी केसामानों की डिलीवरी का ठेका है। डिलिवर होने वाले सामानों के बीच ड्रग्स की भी सप्लाई की जाती थी। मुंबई में ड्रग्स के नेटवर्क को जहां मुंबई से सपा विधायक अबू आजमी के भतीजे अबू असलम ने संभाल रखा था, वहीं इस नेटवर्क को दिल्ली में कई बार विधायक रहे भाजपा के बड़े नेता के भतीजे चंडीगढ़ निवासी अमित अग्रवाल ने संभाला रखा था। अबू असलम ड्रग्स को मुंबई से दिल्ली भिजवाता था, वहीं अमित ड्रग्स को दिल्ली में सप्लाई करने के अलावा विदेश भिजवाता था।

स्पेशल सेल के अधिकारियों के मुताबिक अमित अग्रवाल ने दिल्ली के महिपालपुर में प्रेफर लॉजिस्टिक प्राइवेट लिमिटेड नाम से कंपनी खोल रखी है। इसकी ब्रांच चंडीगढ़ में भी है। इसी कंपनी की आड़ में ड्रग्स का गोरखधंधा चल रहा था। मुंबई से अबू असलम ने जो आइस ड्रग्स भेजी थी, उसे दिल्ली होकर लंदन जाना था। दिल्ली से उसे अमित अग्रवाल कोरियर में पैक करवाकर डिलिवर किए जाने वाले वेबसाइट के सामान केसाथ लंदन भेजता।
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​ कस्टम अधिकारियों पर गिर सकती है गाज  

ड्रग्स स्मगलिंग - फोटो : डेमो फोटो
मर्सडीज में थी ड्रग्स, पुलिस ने किया जब्त 
स्पेशल सेल ने जब अमित को महिपालपुर से गिरफ्तार किया, उस समय वह डेढ़ करोड़ रुपये की मर्सडीज कार में आइस ड्रग्स लेकर आया था। स्पेशल सेल ने मर्सडीज कार को जब्त कर लिया है। स्पेशल सेल को जांच में सामने आया कि ड्रग्स को लंदन भिजवाने के लिए 700 किलो लोड बुक करवाने की तैयारी की गई थी।

इसमें कुछ वेबसाइट के सामान केपैकेट व कुछ अन्य वस्तुओं को लंदन भेजा जाना था। उनके बीच ड्रग्स छिपाई जाती। ड्रग्स के लंदन पहुंचने के बाद वहां बैठा कैलाश राजपूत उसे आगे पहुंचवाता।

कस्टम अधिकारियों पर गिर सकती है गाज      
जांच टीम के मुताबिक कस्टम के अधिकारियों की मिलीभगत के बिना ड्रग्स को विदेश नहीं भेजा जा सकता। ऐसे में जल्द ही कुछ कस्टम अधिकारियों पर गाज गिर सकती है। स्पेशल सेल की एक टीम कस्टम अधिकारियों की भूमिका की जांच कर रही है।

गौरतलब है कि स्पेशल सेल ने पांच किलो ड्रग्स आइस के साथ बुधवार को चार आरोपी अबू असलम, अमित अग्रवाल, अवधेश कुमार और चंदन को गिरफ्तार किया था। इस गिरोह का सरगना कैलाश राजपूत दुबई में बैठा है और वहीं से पूरे विश्व में ड्रग्स सप्लाई करने का नेटवर्क संभाल रखा है।
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