एलओसी पर तैनात सेना के जवान के पिता की घर में घुसकर हत्या कर दी गई है, वहीं उसकी मां की हालत काफी नाजुक बनी हुई है।
वारदात पंजाब के पटियाला में अंजाम दी गई। समाना के नजदीकी गांव गाजीपुर के बाहर खेत में बने घर में घुसकर लुटेरों ने रिटायर फौजी की किरच व गंडासे से हमलाकर हत्या कर दी और उनकी पत्नी को भी गंभीर रूप से घायल कर दिया। वहीं बहू व पोते ने घर की ऊपरी मंजिल के एक कमरे में खुद को बंद करके अपनी जान बचाई। पड़ोसी बलविंदर सिंह जब सुबह करीब पौने पांच बजे वह गुरुद्वारे से घर लौटे तो देखा कि घर के आंगन में चहारदीवारी के पास रिटायर फौजी की खून से लथपथ लाश पड़ी थी।
उन्होंने तुरंत गांव के सरपंच तरसेम सिंह भोला को सूचना दी और सरपंच ने पुलिस को बुलाया। पुलिस ने मौके पर पहुंच कर शव को कब्जे में लिया। मृतक की घायल पत्नी को अस्पताल पहुंचाया। बहू रमनदीप कौर (30) और तीन साल के पोते धरमवीर सिंह को कमरे से बाहर निकाला। बताया जा रहा है कि तीनों में खुद को कमरे में बंद करके जान बचाई। सदर समाना पुलिस ने अज्ञात आरोपियों के खिलाफ केस दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
इस तरह घर में घुसे थे लुटेरे
सांकेतिक चित्र
जांच अधिकारी एएसआई सरबजीत सिंह ने बताया कि मृतक रिटायर फौजी दर्शन सिंह (60) की बहू काफी सहमी हुई है, लेकिन उन्होंने पूरी वारदात के बारे में बताया। उन्होंने बताया कि रविवार रात करीब साढ़े 10 बजे चार लुटेरे चहारदीवारी फांदकर घर के आंगन में उतरे। जैसे ही दर्शन सिंह ने आंगन में आवाज सुनी तो वह दरवाजा खोलकर बाहर निकले। उन्हें देखते ही लुटेरों ने दर्शन सिंह पर हमला कर दिया। दर्शन सिंह ने भी लुटेरों से मुकाबला करने की कोशिश की।
इसी बीच रिटायर फौजी की पत्नी गुरमीत कौर (57) डंडा लेकर बाहर निकली और पति को बचाने की कोशिश में उसके माथे, सिर और छाती में किरच लगी। बाएं हाथ की एक अंगुली भी कट गई। इसी दौरान लुटेरों ने गुरमीत कौर के कानों को बुरी तरह फाड़ते हुए सोने की बालियां खींच लीं। लुटेरों ने बहू के कानों में पहनी बालियां, सोने की चेन और रिटायर फौजी की जेब में जो भी पैसे थे वह भी लूट लिए।
लुटेरों के पेट में किरच मारने से घायल हुए दर्शन सिंह ने जैसे ही अपने घर की चहारदीवारी को फांद कर पड़ोसी के घर में कूदकर जान बचाने की कोशिश की। लुटेरों ने पीछे से ही उनके सिर में गंडासा मारा। इससे उनकी मौत हो गई और वह पड़ोसी के घर में जा गिरे। फिर लुटेरे नकदी और गहने इकट्ठे करके फरार हो गए, लेकिन एक पेटी रखी थी, वह नहीं खोली।