जीएमएसएसएस-38 वेस्ट के स्कूल बाहर विरोध-प्रदर्शन
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गवर्नमेंट मॉडल सीनियर सेकेंडरी स्कूल-38 वेस्ट की फोर्थ क्लास महिला कर्मचारी ने प्रिंसिपल पर जाति सूचक शब्द कहने का आरोप लगाया। इस पर सोमवार को क्लास फोर्थ इंप्लाइज यूनियन ने स्कूल के बाहर धरना प्रदर्शन किया। मामले को तूल पकड़ता देख डायरेक्टर स्कूल एजूकेशन (डीएसई) ने जांच के आदेश दिए है।
जानकारी के अनुसार, स्कूल प्रिंसिपल चितरंजन सिंह पर फोर्थ क्लास महिला कर्मचारी कमलेश ने आरोप लगाया है कि वह उसे कई बार बिना बात के डांटते रहते हैं। आरोप है कि सोमवार को उन्होंने महिला कर्मचारी को जातिसूचक शब्द कहे।
आरोप लगाने वाली महिला स्कूल के मिड-डे मील में आया के तौर पर काम करती है। उसने बताया कि प्रिंसिपल उससे कई बार अभद्रता कर चुके हैं। हर बात पर गलत शब्दों का प्रयोग करते हैं।
जीएमएसएसएस-38 वेस्ट के स्कूल बाहर विरोध-प्रदर्शन
स्कूल के गेट से जातिसूचक शब्द कहते हुए उसे बाहर जाने के लिए कहा। इस पर महिला ने यूनियन से शिकायत की। इस मामले को लेकर क्लास फोर्थ इंप्लाइज यूनियन के सदस्यों ने स्कूल का गेट बंद करके प्रदर्शन किया। प्रदर्शनकारियों ने प्रिंसिपल के खिलाफ कार्रवाई करने की मांग की है।
यूनियन के प्रधान अशोक कुमार ने कहा कि प्रिंसिपल हमेशा अपशब्दों का प्रयोग करते हैं। इस कारण स्कूल में कार्यरत फोर्थ ग्रेड के कर्मचारी काफी दिनों से उनसे प्रताड़ित हैं। अगर विभाग ने मामले को लेकर कार्रवाई नहीं की तो धरना-प्रदर्शन करेंगे।
वहीं, प्रिंसिपल चितरंजन सिंह ने कहा कि महिला को जाति सूचक शब्द नहीं कहे है। वह झूठे आरोप लगा रही है। वहीं, स्कूल गेट के बाहर हंगामे की सूचना शिक्षा विभाग के अधिकारियों को दी गई। शिक्षा विभाग ने अधिकारियों ने पूरे मामले की जानकारी लेने के लिए यूनियन के सदस्यों को बुलाया। डीएसई रूबिंदरजीत सिंह बराड़ ने मामले की जांच डीइओ को सौंपी है। उन्होंने बताया कि अगर प्रिंसिपल दोषी पाए जाते हैं तो उनके खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।