क्षेत्र के गांव ढालुवाल में संदिग्ध परिस्थिति में एक 17 वर्षीय लड़की की मौत हो गई। सूचना पर पहुंची पुलिस ने शव कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेजा।
ग्रामीण बिना पुलिस कार्रवाई के ही शव का अंतिम संस्कार करना चाहते थे। इसको लेकर पुलिस और ग्रामीणों में काफी देर तक हंगामे की स्थिति बनी रही।
जानकारी के अनुसार, गांव ढालुवाल में रहने वाली राजो के घर शादी थी। इसमें शामिल होने के लिए उसकी बहन की लड़की 11वीं की छात्रा पूनम ( 17) निवासी जहांगीरपुर यूपी माता-पिता के साथ आई थी।
शनिवार को राजो काम पर गई थी, जब वह शाम को लौटी तो उसने देखा कि कमरे का दरवाजा खुला है और पूनम बेड पर पेट के बल लेटी थी। डॉक्टर को बुलवाकर जब उसने उसे चेक करवाया तो डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया।
शनिवार को पूनम की मौत के बिना कारण जाने ही उसके शव को संस्कार के लिए ले जाया जा रहा था। इसकी सूचना पुलिस को मिल गई। पुलिस ने मौके पर पहुंच कर अंतिम संस्कार नहीं करने दिया। इस पर ग्रामीण भड़क गए।
मौके पर मौजूद ग्रामीणों के साथ पुलिस की काफी बहस हुई। हंगामा बढ़ते देख थाना पुलिस ने महिला पुलिस के साथ और फोर्स मौके पर बुला ली।
उधर, फोरेंसिक टीम को भी जांच के लिए बुलाया गया। लोगों के काफी विरोध के बीच शव जांच के लिए भेजा गया। मौके पर पिंजौर थाने के एएसआई राजपाल सिंह ने करीब एक दर्जन पुलिस की सुरक्षा में शव को पोस्टर्माटम के लिए कालका भेजा और मामले की जांच शुरू की।
राजपाल सिंह ने बताया जब तक पोस्टमार्टम और फोरेंसिक टीम की रिपोर्ट नहीं आ जाती तब मौके के बारे में कुछ नहीं कहा जा सकता है।