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पंजाबः मोगा में हेड कांस्टेबल ने AK-47 से बरसाईं गोलियां, पत्नी-सास और साले समेत चार की मौत

Sun, 16 Feb 2020 12:03 PM IST
ajay kumar रोहित शर्मा, मोगा ( पंजाब)
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मोगा में दिल दहला देने वाली वारदात।
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पंजाब पुलिस के हेड कांस्टेबल ने हलका धर्मकोट के गांव सैदपुरा जलाल में जमीन विवाद को लेकर अपनी पत्नी, सास, साला, और साले की पत्नी को सरकारी राइफल एके 47 से अंधाधुंध गोलियां बरसाकर मौत के घाट उतार दिया। जबकि साले की 10 वर्षीय बेटी गोली लगने से गंभीर रूप से घायल हो गई। हेड कांस्टेबल के बेटे, ससुर, छोटे साले ने घर से बाहर भागकर जान बचाई। इस कांड को अंजाम देने के बाद आरोपी थाना धर्मकोट पहुंचा और एके-47 के साथ आत्मसमर्पण कर दिया।
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जानकारी के अनुसार, शहीद भगत सिंह नगर मोगा निवासी कुलविंदर सिंह पंजाब पुलिस में हेड कांस्टेबल है। इस समय उसकी ड्यूटी धर्मकोट की टियर गैस टीम में लगाई गई है। कुलविंदर सिंह की गांव सैदपुरा जलाल में ससुराल है। उसने ससुराल की जमीन पर पिग फार्म बना रखा है। काफी समय से वह पत्नी राजविंदर कौर पर दबाव बना रहा था कि वह मायके की जायदाद में हिस्सा ले। लेकिन पत्नी ने ऐसा करने से मना कर दिया था। इस बात को लेकर वह पत्नी से अक्सर झगड़ा करता रहता था।

शनिवार शाम को कुलविंदर सिंह पत्नी राजविंदर कौर और बेटे प्रीत के साथ ससुराल गांव सैदपुरा जलाल गया। रात को उसने जमकर शराब पी। इसके बाद नशे में धुत कुलविंदर सिंह पत्नी से झगड़ने लगा। विवाद बढ़ता देख ससुराल वालों ने थाना धर्मकोट में शिकायत कर दी। शिकायत पर पुलिस टीम कुलविंदर सिंह को हिरासत में लेकर थाना धर्मकोट ले गई। देर रात करीब 12.30 बजे जब कुलविंदर का नशा उतरा तो पुलिस ने उसे छोड़ दिया।
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सुबह पांच बजे दोबारा पहुंचा ससुराल और दिया वारदात को अंजाम

रोते-बिलखते परिजन।
पुलिस के मुताबिक सुबह करीब साढे़ पांच बजे कुलविंदर अपनी सरकारी एके-47 राइफल लेकर ससुराल पहुंच गया और पहले हवाई फायरिंग की। इसके बाद उसने पत्नी राजविंदर कौर, सास सुखविंदर कौर, साले जसकरण सिंह, साले की पत्नी इंद्रजीत कौर पर अंधाधुंध गोलियां बरसाईं। चारों की मौके पर ही मौत हो गई। जबकि गोली लगने से जसकरण सिंह की 10 वर्षीय बेटी जश्नप्रीत कौर गंभीर रूप से घायल हो गई।

हेड कांस्टेबल का यह रूप देखकर उसका बेटा प्रीत, ससुर बोहड़ सिंह, छोटा साला हरजिंदर सिंह ने किसी तरह भागकर जान बचाई। परिजनों की हत्या करने के बाद कुलविंदर सिंह एके-47 के साथ थाना धर्मकोट पहुंचा और सरेंडर कर दिया। थाना धर्मकोट पुलिस ने हरजिंदर सिंह के बयान पर हेड कांस्टेबल के खिलाफ विभिन्न धाराओं के तहत केस दर्ज कर कार्रवाई शुरू कर दी है।

छह साल से शराब छोड़ गुरुसिख बन गया था आरोपी
कुलविंदर सिंह ने छह साल पहले शराब छोड़ दी थी। अमृत छकने के बाद वह गुरुसिख बन गया था। लेकिन शनिवार की रात को उसने फिर शराब पी और बीवी और ससुरालियों के साथ झगड़ा शुरू किया था। कुलविंदर सिंह ड्रग्स लेने का भी आदी था।
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नशा तस्करी समेत कई मामलों में नामजद है आरोपी

हेड कांस्टेबल के खिलाफ मानसा में अवैध हथियार रखने और हथियारों की मरम्मत करने का मामला दर्ज है। इसके अलावा जगरांव थाने में नशा तस्करी का केस दर्ज है। 2014 में दिवाली की रात में आरोपी ने मोगा में अपने घर की छत पर हवाई फायरिंग की थी। इसके बाद थाना सिटी में केस दर्ज कर उसे सस्पेंड कर दिया गया था।  कुलविंदर को बहाल करते समय विभाग के उच्चाधिकारियों ने फैसला लिया था कि उसको कोई भी असलाह नहीं दिया जाएगा। लेकिन अफसर बदलने के बाद  आरोपी को असलाह दिया जाने लगा।

आरोपी को असलाह न देने संबंधी लिखित में दे चुका है परिवार
पत्नी राजविंदर कौर और ससुराल परिवार ने थाना धर्मकोट पुलिस को लिखित में आवेदन देकर अपील की थी कि कुलविंदर सिंह को किसी भी प्रकार का असलाह न दिया जाए। क्योंकि वह शराब पीकर गोलियां चलाने लगता है और ऐसे में कोई भी घटना हो सकती है। इसके बावजूद पुलिस ने उसे एके 47 दे दी।

पैसे के लिए दिया वारदात को अंजाम
आरोपी हवलदार कुलविंदर सिंह का अपने ससुराल परिवार के साथ पैसे व जमीन को लेकर कुछ विवाद चल रहा था। इसको लेकर उसने तैश में आकर अपनी पत्नी समेत ससुराल परिवार के चार लोगों की जान ले ली। आरोपी से पूछताछ की जा रही है। जांच के दौरान जो भी खुलासे होंगे उसी के मुताबिक कार्रवाई की जाएगी।
- हरमनबीर सिंह,एसएसपी, मोगा 
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