पंजाब सिविल सचिवालय से पंजाब के आईएएस और आईपीएस से संबंधित फाइलें गुम होने के मामले में सेक्टर 3 थाना पुलिस ने पूर्व डिप्टी सेक्रेटरी योगराज शर्मा को गिरफ्तार किया है।
उन्हें थाने में बुलाया गया और वहीं गिरफ्तार किया। योगराज शर्मा कुछ समय पहले ही रिटायर्ड हुए थे। सेक्टर-3 थाना पुलिस ने योगराज को जिला अदालत में पेश किया जहां से उन्हें 14 दिन के लिए न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया।
पंजाब सिविल सचिवालय के मुख्य सचिव राकेश सिंह ने सेक्टर-3 थाना पुलिस को पंजाब के 35 आईएएस और आईपीएस अधिकारियों के रिकार्ड से संबंधित फाइल गुम होने की शिकायत दी थी।
मामले की जांच आईएएस अधिकारी भावना गर्ग और एक पूर्व आईएएस अधिकारी ने की थी। इसमें योगराज शर्मा को दोषी ठहराया था। जांच रिपोर्ट मिलने पर सेक्टर 3 थाना पुलिस ने मामले में कानूनी राय ली थी। इसके बाद पुलिस ने योगराज शर्मा के खिलाफ मामला दर्ज किया था।
30 फाइलें कर लीं दोबारा तैयार
वकील एचसी अरोडा ने हाईकोर्ट में जनहित याचिका दायर कर इस मामले में कार्रवाई की मांग की थी। हाईकोर्ट ने चंडीगढ़ के डीएसपी आशीष क पूर को इस पूरे मामले की जांच के आदेश दिए थे। हालांकि हाईकोर्ट में दायर स्टेटस रिपोर्ट में बताया गया था कि गुम हुई 35 फाइलाें में से 30 फाइलें दोबारा तैयार कर ली गई हैं।
गुम हुई फाइलों में से 14 फाइलें आईएएस व 21 फाइलें पीसीएस अधिकारियाें की थी। आशीष कपूर ने 8 जनवरी को इस मामले की जांच पूरी करने के लिए 2 महीनाें का समय मांगा था। हाईकोर्ट में इस मामले की सुनवाई 14 मार्च को होनी है।