घर से लड़ाई करनी शुरू की थी और लड़ते लड़ते रेलवे ट्रैक तक पहुंच गए। उसके बाद जो हुआ, पल भर में पांच जिंदगियां तबाह हो गईं। घटना डेराबस्सी की है। रेलवे फाटक के पास सोमवार दोपहर एक व्यक्ति ने ट्रेन के आगे कूद कर जान दे दी। इस तरह एक झगड़े ने महिला का सुहाग उजाड़ दिया और बच्चों से पिता का साया छीन लिया।
मृतक की पहचान अजय कुमार (35) निवासी गली नंबर 4, प्रीत नगर, डेराबस्सी के तौर पर हुई है। जानकारी के अनुसार, पत्नी के साथ क्लेश से तंग आकर उसने यह कदम उठाया है। प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक हादसा दोपहर करीब डेढ़ बजे हुआ। पति-पत्नी दोनों झगड़ते हुए मोहन नगर के पीछे ट्रैक के पास जा पहुंचे और वहां भी उनकी तकरार करीब दस मिनट तक जारी रही।
इस बीच रामनगर से चंडीगढ़ जाने वाली एक्सप्रेस ट्रेन निकलने वाली थी। तैश में आकर अजय ने पत्नी के सामने ट्रेन के आगे कूद गया। उसका शरीर कटकर कई टुकड़ों में बंट गया। हादसे से घबराकर पत्नी घर लौट गई। रेलवे पुलिस द्वारा बुलाने पर अपने तीन बच्चों के साथ मौके पर पहुंची। ट्रैक के बीचों बीच पड़ा पति का शव बच्चों को दिखाते हुए वह कुछ देर तक विलाप करती रही।
महिला भी सुसाइड करने को ट्रेन का इंतजार करने बैठ गई
ट्रैक
वहीं, पति का शव देखकर मृतक की पत्नी ने भी बच्चों के साथ आत्महत्या की बात कही। इस दौरान वह रेलवे लाइन के पास बैठकर ट्रेन का इंतजार करती रही, लेकिन लोगों ने समझा बुझाकर उसको वापस भेज दिया। उधर, जीआरपी, लालड़ू के प्रभारी रामपाल के अनुसार, हादसे की सूचना उन्हें दोपहर दो बजे मिली थी।
मृतक से मिली डायरी से फोन नंबर मिलाने पर वह उसकी पत्नी का निकला जो अपने बच्चे लेकर मौके पर पहुंची और करीब आधा घंटा पति के शव के पास विलाप करती रही। उसके साथ कोई दूसरा व्यक्ति नहीं होने की वजह से पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए डेराबस्सी के सिविल अस्पताल में रखवा दिया है।
उन्होंने बताया कि मृतक के वारिसों के आने बाद अगली कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने बताया कि जांच में सामने आया कि घरेलू क्लेश के चलते पति के साथ पत्नी भी मौके पर थी। वहीं पता चला है कि अजय पेशे से वाहन चालक था।
उल्लेखनीय है कि अजय का 30 वर्षीय अविवाहित साला रवि कुमार भी उन्हीं के साथ रहता था, जिसकी नशे की ओवरडोज के कारण इस साल 7 फरवरी को मौत हो गई थी।