रेड करने गई पुलिस पार्टी पर हमला कर दिया गया। हमले में एक हवलदार गंभीर रूप में घायल हो गया। 3 गिरफ्तार। मामला पंजाब के डेरा बाबा नानक (बटाला)। का है। बटाला में एएसआई की सरेआम मारपीट करने का मामला अभी ठंडा भी नही हुआ था कि सीमावर्ती क्षेत्र डेरा बाबा नानक थाने के गांव जोड़ियां में सोमवार की देर रात करीब एक बजे रेड करने गई पुलिस पार्टी पर हमला कर दिया गया। हमले में एक हवलदार गंभीर रूप में घायल हो गया।
घायल हवलदार को अमृतसर के गुरू नानक देव अस्पताल में भर्ती कराया गया। पुलिस ने इस संबंध में 11 लोगों के खिलाफ मामला दर्ज किया है। नामजद युवकों में पुलिस ने तीन को गिरफ्तार कर लिया ह। मामला एसएचओ डेरा बाबा नानक के बयानों पर दर्ज हुआ है।
डीएसपी सोहन सिंह ने बताया कि काहलवां चौक पर एक सेल्स परचेज की दुकान है। बीती 14 मई को दुकान पर दो युवक अपनी मोपेड बेचने आए थे। किसी कारण दुकानदार ने उस मोपेड को खरीदने से इंकार कर दिया। इस पर 15 मई को उक्त युवकों ने अपने साथियों समेत दुकान में तोड़फोड़ की और दुकानदार के एक कारिंदे को घायल कर दिया। इस संबंध में मामला दर्ज किया था।
इस मामले में नामजद युवकों को पकड़ने के लिए सोमवार की देर रात को करीब 1 बजे पुलिस पाटी ने गांव जोड़िया में छापामारी। इस पर नामजद दोनों युवकों और उनके साथियों ने पुलिस पार्टी पर हमला कर दिया। हमले में हवलदार गुरमीत सिंह की बाजू टूट गई। डीएसपी ने बताया कि इस संबंध में डेरा बाबा नानक पुलिस ने अमरजोत सिंह, अवतार सिंह वासी जोड़िया कलां, रमन वासी हरूवाल, गोरा वासी चंदू नंगल, मिठठू वासी पखोके और 6 अज्ञात लोगों के खिलाफ मामला दर्ज कर लिया है। पुलिस ने तीन आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है। उन्होंने बताया कि मामले में नामजद व्यक्ति आपराधिक छवि के लोग हैं। पहले भी इन पर कई मामले दर्ज हैं।
अब पुलिस भी सुरक्षित नहीं, तीन दिन में हो हमले
बटाला। तीन दिन में पुलिस पर दो हमले हो चुके हैं। पहले हमले में एक युवक की सड़ हादसे में मौत हो जाने के बाद गुस्से में आए लोगों ने एक एएसआई की सरेआम पिटाई कर दी थी और थानेदार को पोल से बांध कर पीटा था। इसके बाद पुलिस ने 29 लोगों के खिलाफ मामला दर्ज कर किया था। अब डेरा बाबा नानक पुलिस पर एसएचओ की मौजूदगी में पुलिस पार्टी पर हमला किया गया। इन दो घटनाओं ने आम आदमी के साथ-साथ पुलिस को भी सोचने के लिए मजबूर कर दिया है कि क्या लोगों को अब पुलिस से डर नही लगता है। लोगों का कहना है कि अगर पुलिस खुद ही सुरक्षित नहीं है तो लोगों की सुरक्षा कैसे करेगी।