हरभजन सिंह 18 अगस्त 2018 को नाभा जेल से फिरोजपुर अदालत में पेशी पर आया था, जिसे उसके दो साथी पुलिस पर गोलियां चलाकर भगा ले गए थे। इसके बाद हरभजन ने 22 दिसंबर को प्रीतम के चाचा बग्गा सिंह निवासी निहालेवाला के घर में घुसकर 11 गोलियां मारकर हत्या कर दी थी। उसी समय हरभजन के सिर पर ईंट लगने से मौत हो गई थी।
हरभजन दो साथियों के साथ बग्गा के पूरे परिवार और प्रीतम को मारने की नीयत से आया था। हरभजन की मौत के बाद से ही हरभजन के परिजन प्रीतम को जान से मारने की धमकी दे रहे थे। हरभजन का पूरा परिवार हेरोइन तस्करी करता है और उनके पाक तस्करों से गहरे संबंध हैं। मौजूदा समय में हरभजन का भाई जोगिंदर सिंह उर्फ जीता, मां कौशल्या, पिता लाल सिंह, भाई सोनू व बहन नाभा जेल में बंद हैं।
जांच कर रहे थाना प्रभारी एसआई सुखमंदिर सिंह ने बताया कि जोगिंदर उर्फ जीता पुत्र लाल सिंह, सोनी पुत्र लाल सिंह, लाल सिंह पुत्र सुंदर सिंह, खुशहाल सिंह पुत्र सुंदर सिंह, पप्पू उर्फ बब्बी पुत्र हाकम सिंह निवासी निहाला किलचा व दो अन्य के खिलाफ हत्या का केस दर्ज कर लिया गया है।