खुफिया एजेंसियों का मानना है कि ममदोट क्षेत्र में आतंकी, नक्सली और तस्कर सक्रिय हैं। बीओपी न्यू गजनी वाला ममदोट क्षेत्र में पड़ती है। इससे पहले भी कई बार ममदोट क्षेत्र से सटी भारत-पाक सीमा से हेरोइन और हथियारों की खेप आ चुकी है। पुलिस और बीएसएफ के अलावा अन्य सुरक्षा एजेंसियां ममदोट क्षेत्र में रहने वाले तस्करों से भी गहन पूछताछ कर रही हैं। बीओपी न्यू गजनी वाला की तरफ से कई बार विभिन्न सुरक्षा एजेंसियों ने हेरोइन पकड़ी है, ये रास्ता तस्करी के लिए बहुत आसान माना जाता है।
कब-कब पकड़े सीमा से हथियार
- 3 जनवरी 2020: तरनतारन में ड्रोन के जरिए भेजी एके-47 राइफल।
- 1अक्तूबर 2019: बीएसएफ और एसटीएफ ने तीन लोगों को एके-47 व कारतूस के साथ पकड़ा।
- सितंबर व अक्तूबर 2019 में ममदोट क्षेत्र से पांच एके47 राइफलें व गोला-बारूद बरामद।
- 13 सितंबर 2019: अमृतसर से ट्रक में लदे हथियार पठानकोट में पकड़े। जिसमें छह एके-56 राइफल, दो एके-47 राइफल, छह मैगजीन व 180 कारतूस बरामद हुए थे।
- 4 फरवरी 2012: अमरकोट स्थित बीओपी पल्लोपत्ती से एक पिस्टल, एक मैगजीन व आठ कारतूस पकड़े।
- 6 अक्तूबर 2011: खेमकरण स्थित बीओपी जेएन मोहम्मद के पास चीनी पिस्टल, 2 मैगजीन व 14 कारतूस पकड़े।
- 24 अक्तूबर 2011: फाजिल्का के सीमांत गांव हस्ताकलां में तस्कर से 2 पिस्तौल, 3 मैगजीन व 40 कारतूस के अलावा 58 किलो हेरोइन पकड़ी।