चलती रोडवेज बस में दो बहनों से कथित छेड़छाड़ के बाद युवकों की पिटाई के मामले में अब एसआईटी गठित की गई है। बराबर में दूसरी जांच भी चलेगी। इसके लिए सात सदस्यीय टीम का गठन किया गया है।
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एसआईटी में पुलिस उपाधीक्षक अपराध जांच शाखा व इंस्पेक्टर गरिमा को शामिल किया गया है। पूरे मामले पर एसपी शशांक आनंद भी निगरानी रखे हुए हैं। पुलिस का दावा है कि हर पहलु की जांच की जाएगी ताकि सब कुछ साफ हो सके।
वीडियो वायरल होने से मामला तूल पकड़ा
उल्लेखनीय है कि 28 नवंबर को रोहतक से सोनीपत जा रही बस में आसन गांव के तीन युवकों की गांव थाना खुर्द की दो बहनें पूजा और आरती ने पिटाई की थी। उनका आरोप है कि युवकों ने उनके साथ छेड़छाड़ की। 30 नवंबर को घटना का वीडियो वायरल होने से मामला तुल पकड़ गया। आरोपी युवक गिरफ्तार हुए और बाद में उन्हें जमानत मिल गई।
दो दिन बाद इन्हीं दो बहनों का मारपीट का हुडा सिटी पार्क का एक और वीडियो सामने आया और इसी दिन लड़कों में पक्ष में कुछ महिला सवारी आईं। उन्होंने एफिडेविट देकर बयान दिए कि लड़कों ने छेड़छाड़ नहीं की और पूरा मामला सीट को लेकर झगड़े का है। लड़कों के परिजन और ग्रामीणों ने निष्पक्ष जांच की मांग की।
सोशल मीडिया पर प्रचार की पुलिस करेगी जांच
चलती बस में कथित छेड़छाड़ और मारपीट मामले में सोशल मीडिया पर चल रहे प्रचार को लेकर पुलिस जांच करेगी।
दोनों बहनें पूजा व आरती ने मंगलवार को सामाजिक संगठनों के प्रतिनिधियों केसाथ एसपी शशांक आनंद से मुलाकात कर कहा कि सोशल मीडिया पर उनके खिलाफ गलत प्रचार किया जा रहा है। इसे रोकते हुए यह भी जांच की जाए कि ऐसा क्यों हो रहा है और कौन कर रहा है? एसपी ने उन्हें आश्वासन दिया कि मामले की जांच की जाएगी।
रोडवेज बस में छेड़छाड़ के खिलाफ युवकों की पिटाई करने वाली थाना खुर्द की दोनों बहनों के पक्ष में जिले के कई सामाजिक संगठन उठ खड़े हुए हैं। इसी के तहत मंगलवार को कई संगठनों के लोग लघु सचिवालय पहुंचे और मुख्यमंत्री के नाम ज्ञापन सौंपा। ज्ञापन में लोगों ने इस मामले में निष्पक्ष जांच की मांग उठाई।
नौजवान भारत सभा, छात्र अभिभावक संघ, महिला अधिकार मंच और एआईएसएफ के संयुक्त तत्वावधान में मंगलवार को लोग इकट्ठा होकर लघु सचिवालय पहुंचे। यहां पर नारेबाजी करते हुए लोगों ने थाना खुर्द की पूजा और आरती के पक्ष में उपायुक्त को मुख्यमंत्री के नाम ज्ञापन सौंपा। ज्ञापन में मांग उठाई गई कि इस पूरे मामले की निष्पक्ष जांच हो।
इसके अलावा आरोप भी लगाया गया कि दोनों बहनों पर नजायज रूप से दबाव बनाया जा रहा है। प्रदर्शनकारियों में पंकज त्यागी, पूजा मदान, विमल किशोर, माया, मोनिका, राजबाला, सीमा, किरण, सतबीर, देवेंद्र, मनजीत, प्रवीण, मनोज, प्रदीप, सुमित, बबलू आदि लोग शामिल थे।