वीरवार देर शाम गांव कैरियां के सेमनाले के पास मिले शव का शुक्रवार दोपहर फाजिल्का के सरकारी अस्पताल में पोस्टमार्टम कराया गया। पुलिस ने पिता के बयान पर नशा देकर हत्या के आरोप में चार लोगों के खिलाफ मामला दर्ज कर लिया है।
पुलिस को दी शिकायत में जोरा सिंह मान नगर निवासी अशोक कुमार ने बताया कि उसका बेटा रजेश कुमार सरकारी स्कूल गांव सीतोगुणों में बतौर लैब अटेंडेंट लगा हुआ था। पांच जुलाई को सुबह छह बजे वह अपने बेटे को बस पर चढ़ाकर आए थे। शाम करीब चार बजे तक उसका लड़का घर नहीं पहुंचा, तो उसने स्कूल में फोन किया। वहां पता चला कि रजेश कुमार सुबह ही छुट्टी लेकर घर चला गया। जिसके बाद उन्होंने राजेश की तलाश शुरू की। शाम करीब छह बजे उन्हें गांव कैरियां के निकट एक शव बरामद होने की खबर मिली। इस पर वह मौके पर पहुंचे तो शव रजेश का था।
मृतक के पिता ने बताया कि उसका बेटा दो साल पहले नशे की गिरफ्त में आया था। जिसने बाद में नशा छोड़ने का प्रण लिया और उसे नशा छुड़ाने के लिए अबोहर के एक निजी अस्पताल में भर्ती करवाया। अब उसका बेटा नशे को छोड़ चुका था। लेकिन नशा छोड़ने के बाद उसे नशे की लत लगाने वाले लोग, जिनमें मियानी बस्ती निवासी राजेश कुमार, काली, कैलाश नगर निवासी अर्पण कुक्कड़ व आर्य नगर निवासी साजन उसे तंग करने लगे।
इस पर राजेश ने उनके नाम पुलिस को बताने की बात कही। उन्हें यकीन है कि अपने आप को फंसता देख इन लोगों ने ही उसके बेटे को कोई जहरीली दवा या नशा देकर हत्या कर दी। जांच अधिकारी गुरमीत सिंह ने बताया कि उन्होंने अशोक कुमार के बयान पर चारों लोगों के खिलाफ भारतीय दंड संहिता की धारा 302, 201 व 34 के तहत पर्चा दर्ज कर लिया है। मामले की जांच जारी है।