बीच रास्ते वर्दी धारियों द्वारा इनोवा के ड्राइवर को रोक 10 लाख रुपये लूट मामले में चौंकानेवाला खुलासा हुआ है। दरअसल चंडीगढ़ पुलिस और अपने मालिक की आंखों में धूल झोंककर ड्राइवर धर्मपाल ने ही दस लाख रुपये उड़ा लिए थे।
यह खुलासा चंडीगढ़ पुलिस ने किया। शुक्रवार को प्रेस कांफ्रेंस में डीआईजी एएस चीमा ने कहा कि पुलिस जांच में सामने आया है कि धर्मपाल ने फ्राड किया और पुलिस को गुमराह करने के लिए यह ड्रामा रचा था।
पुलिस ने उसके घर से दस लाख रुपये बरामद कर लिए है। डीआईजी के अनुसार, धर्मपाल से जब पुलिस ने पूछताछ की तो इसका खुलासा हो गया। पूछताछ में पता चला कि उसका उद्देश्य लाखों रुपये इकट्ठा करके दोनों बेटियों के साथ किसी दूसरे राज्य में बस जाने का था।
ध्यान रहे कि वीरवार को इनोवा चालक धर्मपाल ने चंडीगढ़ पुलिस को शिकायत दी थी कि उससे वर्दी पहने दो लोगों ने दस लाख रुपये लूट लिए है। धर्मपाल ने पुलिस को बताया था कि उससे यह वारदात सेक्टर-53 और सेक्टर-42 की डिवाइडिंग रोड पर हुई।
अटपटे बयान के बाद पुलिस ने बदला पैतरा
चंडीगढ़ के डीआईजी एएस चीमा ने कहा कि धर्मपाल इंडस्ट्रियल एरिया स्थित शिव कुमार अग्रवाल की फैक्टरी में काम करता है। उन्होंने कहा कि वीरवार को पुलिस को जब धर्मपाल ने बयान दिया तो उस पर संदेह हुआ।
यहीं से शंका पैदा हुई। पुलिस ने धर्मपाल को छोड़ा और उसके पीछे पुलिस कर्मियों को लगा दिया। धनास में नाका लगाया गया और उसी दौरान धर्मपाल को पकड़ा गया।
एकबार फिर जब धर्मपाल से पूछताछ की गई तो उसने सारी कहानी उगल दी। पुलिस ने धर्मपाल के पास से दस लाख रुपये बरामद कर लिए है। पुलिस ने धर्मपाल पर फ्राड और पुलिस को गुमराह करने का मामला दर्ज कर लिया है।
यह बयान दिया था ड्राइवर ने
चंडीगढ़ पुलिस को दिए बयान में इनोवा ड्राइवर धर्मपाल ने बताया कि वीरवार शाम करीब साढ़े सात बजे मोटरसाइकिल सवार दो तथाकथित पुलिस वालों ने मोहाली फेज-6 से इनोवा में आते समय उसे सेक्टर-42 और सेक्टर-53 पर रोक लिया।
उन्होंने गाड़ी के कागज मांगे। जैसे ही धर्मपाल ने कागज निकाले तो एक बाइक सवार ने उसे थप्पड़ मार दिया। इसके बाद उसको नीचे घसीटा और गाड़ी खोलकर बैग छीनकर फरार हो गए।
लूट की सूचना मिलते ही आला अधिकारी मौके पर पहुंचे। सेक्टर-36 थाना प्रभारी भूपिंदर सिंह ने बताया कि धर्मपाल चंडीगढ़ इंडस्ट्रियल एरिया स्थित एक फैक्टरी में ड्राइवर का काम करता है। उसके बयान दर्ज कर छानबीन शुरू कर दी है।