नागरिक अस्पताल पहुंचे पंजाब के स्वास्थ्य मंत्री बलबीर सिंह सिद्धू।
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सिविल अस्पताल में उपचाराधीन 24 वर्षीय युवती ने कोरोना वायरस को मात दे दी है। पूरी तरह स्वस्थ होने के बाद बुधवार को उसे अस्पताल से डिस्चार्ज कर दिया गया। चंडीगढ़ की पहली कोरोना संक्रमित युवती के संपर्क में आने से यह वायरस का शिकार हुई थी। इसी के साथ जिले में कोरोना वायरस को मात देने वालों की संख्या 5 हो गई है।
फेज-5 में किराए पर रह रही यह युवती चंडीगढ़ की पहली कोरोना संक्रमित के संपर्क में आने से इसकी शिकार बनी थी। इसे 18 मार्च को सिविल अस्पताल लाया गया था। सिविल अस्पताल के डॉक्टरों ने 20 दिन तक दिन रात एक कर युवती का इलाज किया। इसके बाद युवती की दोनों रिपोर्ट निगेटिव आईं हैं।
कोरोना संक्रमित युवती का इलाज करने वाले डॉ. राजिंदरा भूषण बताते हैं कि युवती ने इलाज के दौरान पूरा सहयोग किया। युवती इलाज के दौरान कभी भी डर, तनाव या घबराहट में नहीं रही। उन्होंने बताया कि आखिरी दोनों रिपोर्ट निगेटिव आने के बाद बुधवार दोपहर बाद अस्पताल से डिस्चार्ज कर दिया गया।
डॉ. भूषण के मुताबिक युवती को अभी सतर्कता बरतने की जरूरत है। उसे अगले 14 दिन होम क्वारंटीन में रहने की सलाह दी गई है। स्वस्थ होकर घर लौटने से पहले युवती ने अपना इलाज करने वाले डॉक्टर, नर्सिंग व अन्य स्टाफ को धन्यवाद किया। युवती ने कहा कि पूरा स्टाफ उसका इलाज करने के साथ ही हौंसलाअफजाई भी करता रहा। इसके चलते उसे कभी तनाव महसूस नहीं हुआ।
जिले में अब कोरोना से जंग जीतने वालों की संख्या 5 हो गई है। इनमें फेज 3ए की दो बुजुर्ग बहनें, सेक्टर 68 की एक बुजुर्ग महिला के अलावा 42 वर्षीय व्यक्ति शामिल है। इनका इलाज मोहाली व चंडीगढ़ में किया गया।
स्वास्थ्य मंत्री बलबीर सिंह सिद्धू सिविल अस्पताल पहुंचे। मंत्री ने कोरोना के खिलाफ जंग में दिन रात एक करने वाले सेहतकर्मियों की तारीफ की। उन्होंने अस्पताल स्टाफ को भरोसा दिलाया कि कोरोना के खिलाफ जंग में उन्हें किसी चीज की कमी नहीं आने दी जाएगी। स्वास्थ्य मंत्री के साथ सिविल सर्जन डॉ. मनजीत सिंह, एसएमओ डॉ. अरीत कौर, डॉ. विजय भगत भी मौजूद थे।