पंजाब में कोरोना वायरस से पहली मौत सामने आई है। एसबीएस नगर (नवांशहर) में हुई इस मौत के साथ ही देश में इस बीमारी से मरने वालों की संख्या चार पहुंच गई है। 70 वर्षीय जिस बुजुर्ग की मौत हुई है, वह 7 मार्च को जर्मनी से इटली के रास्ते दिल्ली एयरपोर्ट पर पहुंचा था। उसी दिन वह अपने गांव पहुंच गया था। बलदेव पहले से ही मधुमेह और उच्च रक्तचाप का मरीज था। उसे घर में ही चिकित्सीय निगरानी में रखा गया था। 18 मार्च की सुबह उसकी सेहत के बारे में अस्पताल (सीएचसी बंगा) को सूचना दी गई।
इसके बाद उसे अस्पताल ले जाया गया जहां डॉक्टरों ने उसके ब्लड सैंपल लिए। इसके कुछ समय बाद ही बुधवार को रोगी की कार्डियक अरेस्ट से मौत हो गई। एहतियात बरतते हुए बुधवार को उसका अंतिम संस्कार कर दिया गया। इस दौरान सेहत विभाग की टीम के सदस्य भी मौके पर मौजूद रहे। अंतिम संस्कार में शामिल लोगों को विशेष मास्क और सूट पहनाए गए थे। उसके सैंपल को पीजीआई चंडीगढ़ भेजा गया था जहां जांच के बाद वह कोविड-19 से पीड़ित पाया गया।
बुजुर्ग की मौत के बाद वीरवार को सेहत विभाग और पुलिस प्रशासन ने पूरे गांव को सील कर दिया। हालांकि वहां किसी में कोरोना के कोई लक्षण नजर नहीं आए थे, लेकिन एहतियातन उनके सैंपल जांच के लिए भेज दिए गए हैं। प्रशासन की ओर से मृतक के संपर्क में आए 17 पारिवारिक सदस्यों को होम क्वारेंटाइन कर दिया गया है।
एसएमओ बंगा डॉ. कविता शर्मा ने बताया कि बुधवार सुबह करीब छह बजे बुजुर्ग को दिल में दर्द की शिकायत हुई। परिवार वाले उन्हें सिविल अस्पताल ले गए, लेकिन आधे घंटे बाद ही उनकी मौत हो गई।
जानकारी के अनुसार बुजुर्ग और उनके साथी कुछ दिनों पहले ही धार्मिक कार्यक्रम के लिए जर्मनी गए थे। छह मार्च को जर्मनी से वापस आते वक्त उन्होंने इटली में विमान बदला था।