लोन का दिलासा देकर कर्ज न दिलवाने पर उपभोक्ता फोरम ने प्रूडेंशियल पार्टनर्स को सेवा में कोताही का दोषी करार दिया है। उपभोक्ता फोरम ने प्रूडेंशियल पार्टनर्स को निर्देश दिया है कि वह शिकायतकर्ता को 30 हजार रुपये वापस करे। साथ ही उक्त राशि पर नौ प्रतिशत वार्षिक की दर से ब्याज भी अदा करे। सेवा में कोताही के लिए 10 हजार रुपये मुआवजा भी अदा करना होगा। यह निर्देश जिला उपभोक्ता विवाद निवारण फोरम-2 ने सुनवाई के बाद दिया है।
चंडीगढ़ सेक्टर-28 सी निवासी महेंद्र शर्मा ने सेक्टर-8 सी चंडीगढ़ तथा पीतमपुरा नई दिल्ली स्थित प्रूडेंशियल पार्टनर्स के मैनेजर्स और जनकपुरी वेस्ट नई दिल्ली स्थित प्रूडेंशियल पार्टनर्स के मैनेजिंग डायरेक्टर के खिलाफ उपभोक्ता फोरम में शिकायत दी थी।
उन्होंने बताया कि प्रूडेंशियल पार्टनर्स के एग्जिक्यूटिव का कॉल आया, जिसमें कहा गया कि यदि वह पॉलिसी लेंगे तो उनको जीरो प्रतिशत ब्याज पर नौ लाख रुपये का लोन मिलेगा। शर्मा ने इसके लिए 30 हजार रुपये का चेक भेजा। चेक के साथ पैन कार्ड और ड्राइविंग लाइसेंस की कॉपी भी भेजी। शिकायतकर्ता ने काफी दिनों तक इंतजार किया लेकिन कोई सकारात्मक रिस्पांस नहीं मिला।
दूसरे पक्ष ने उपभोक्ता फोरम को कहा कि शिकायतकर्ता ने लाइफ स्टाइल प्रोडॅक्ट किट खरीदने के लिए पेमेंट किया था। इसके बारे में शिकायतकर्ता को पूरी जानकारी थी। उन्होंने सेवा में कोताही नहीं की है।