मुख्यमंत्री ने भरोसा जताया कि कांग्रेस पार्टी आगामी लोकसभा चुनाव के दौरान पंजाब में 13 की 13 सीटों पर जीत हासिल करेगी और जीतने वाले उम्मीदवारों का ही पार्टी की तरफ से चयन किया जाएगा। उन्होंने बताया कि उम्मीदवारों के चयन के बारे में अभी कोई भी फैसला नहीं लिया गया है।
मंत्रिमंडल में संभावित फेरबदल के संबंध में पूछे गए सवाल के जवाब में मुख्यमंत्री ने कहा कि राहुल गांधी के साथ आज की मीटिंग के दौरान मंत्रियों के विभाग बदलने के बारे में कोई भी विचार -विमर्श नहीं किया गया।
करतारपुर कॉरिडोर के संबंध में कैप्टन ने कहा कि पाकिस्तान ने अपने तरफ पहले ही निर्माण कार्य शुरू कर दिए हैं जबकि भारत की ओर से अभी विकास कार्य शुरू किए जाने हैं। इमारती बुनियादी ढांचे तैयार करने के उद्देश्य से ज़मीन प्राप्त करने के लिए सूबा सरकार को केंद्र से अभी कोई भी फंड प्राप्त नहीं हुआ।
एक सवाल के जवाब में मुख्यमंत्री ने स्पष्ट किया कि उन्होंने अपने कैबिनेट साथी नवजोत सिंह सिद्धू को करतारपुर कॉरिडोर के नींव पत्थर समारोह के अवसर पर पाकिस्तान जाने की आज्ञा दी थी। उन्होंने कहा कि कोई भी मंत्री, मुख्यमंत्री की स्वीकृति के बिना नहीं जा सकता। उन्होंने कहा कि सिद्धू वहां अपनी निजी हैसियत में गए थे लेकिन इसके लिए उन्होंने सिद्धू को आज्ञा दी थी।
मुख्यमंत्री ने दोहराया कि उन्होंने सिद्धू को वहां न जाने की सलाह दी थी और उन्होंने पंजाब में गड़बड़ी पैदा करने की आईएसआई की लगातार कोशिशों और कश्मीर में पाकिस्तान की तरफ से भारतीय सैनिकों की निर्मम हत्याओं के मद्देनजर खुद पाकिस्तान के आमंत्रण को ठुकरा दिया था।
कैप्टन ने मोदी के आरोपों को गलत ठहराया
पंजाब में किसानों के कर्ज माफ करने बारे प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी द्वारा लगाए आरोपों को मुख्यमंत्री ने पूरी तरह गलत करार दिया। उन्होंने कहा कि उनकी सरकार ने केवल एक साल में ही 4,14,275 किसानों के 3,417 करोड़ रुपये के फसली कर्ज पहले ही माफ कर दिए हैं और उनकी सरकार अपने पहले किए एलान के अनुसार 10.25 लाख छोटे व सीमांत किसानों के कर्ज माफ करने के लिए पूरी तरह वचनबद्ध है।
उन्होंने कहा कि राज्य की वित्तीय स्थिति में लगातार सुधार हो रहा है, जिस कारण इन किसानों को चरणबद्ध तरीके से इस स्कीम के अधीन लाया जाएगा। उन्होंने कहा कि 10.25 लाख किसानों में से तकरीबन तीन लाख शेष किसानों के कर्ज जल्द ही माफ कर दिए जाएंगे।