कैथल। प्रदेश सरकार ने कॉन्फेड के जिलास्तरीय कार्यालय बंद करने का फैसला किया है। अब प्रदेश भर में पांच रिजनल कार्यालयों के तहत कामकाज होगा। जिलास्तर पर कॉन्फेड के माध्यम से सार्वजनिक वितरण प्रणाली के तहत होने वाले अनाज सहित अन्य वस्तुओं के वितरण का काम अब जिला खाद्य एवं आपूर्ति नियंत्रक को सौंप दिया गया है। वहीं, कैथल कॉन्फेड कार्यालय अब कुरुक्षेत्र शिफ्ट कर दिया जाएगा।
यहां तैनात आठ कर्मचारी भी कुरुक्षेत्र में बैठेंगे। बताया जा रहा है कि कार्यालय में स्टाफ की कमी, नई भर्ती न होेने पर और काम के बढ़ते भार के कारण सरकार ने इन्हें बंद करने का फैसला किया है।
इसलिए बंद
खरीद एवं खाद्यान्न वितरण एजेंसियों में महत्वपूर्ण कॉन्फेड एजेंसी का जिलास्तर पर कार्यालय है, जिसमें जिला प्रबंधक सहित पूरा स्टॉफ नियुक्त होता था। लेकिन पिछले करीब साल भर से कॉन्फेड में जिला प्रबंधकों की नियुक्ति नहीं हो पा रही थी। कैथल में कॉन्फेड की जिम्मेवारी डीएफएससी को सौंपी गई थी। कयास लगाए जा रहे थे कि सरकार कॉन्फेड में स्टॉफ को शायद ही आगे बढ़ाए। इसी कारण अब जिलास्तर पर कार्यालयों को बंद करने का निर्णय लिया गया है।
पांच जोनल कार्यालय देखेंगे कामकाज
विभाग के अनुसार, कॉन्फेड के जिलास्तरीय कार्यालयों को बंद करते हुए पांच रिजनल ऑफिस बनाए गए हैं। कैथल को कुरुक्षेत्र रिजनल ऑफिस के अंतर्गत रखा गया है। कुरुक्षेत्र के अलावा करनाल, रोहतक, हिसार एवं फरीदाबाद को रिजनल कार्यालय बनाया गया है। जहां एक सितंबर से नई व्यवस्था के तहत काम शुरू हो जाएगा।
स्टॉफ होगा स्थानांतरित
जिलास्तर पर कार्यरत सारा स्टॉफ अब रिजनल कार्यालयों में स्थानांतरित होगा। कैथल से आठ कर्मचारी हैं, जिसमें एक स्टोर कीपर, एक क्लर्क, तीन चतुर्थ श्रेणी कर्मचारी, दो सेल्समैन, एक अकाउंटेंट कुरुक्षेत्र कार्यालय में स्थानांतरित हो जाएंगे। जहां इन सभी के कामकाज पर डीएफएससी कुरुक्षेत्र नियंत्रण रखेंगे।
ये काम होता था कार्यालयों में
कॉन्फेड द्वारा वैसे तो सीजन में गेहूं की खरीद भी की जाती है। लेकिन यह काफी कम मात्रा में होती है। कॉन्फेड का मुख्य कार्य सार्वजनिक वितरण प्रणाली के तहत राशन एवं अन्य सामान बांटने का है। कॉन्फेड डिपो को चीनी, दालों की खरीद कर देता था। इसके अलावा आंगनबाड़ी केंद्रों सहित डिपो के लिए एफसीआई से गेहूं लेकर भी को खरीद कर डिपो तक पहुंचाता था। अब यह वितरण डीएफएससी कार्यालय के माध्यम से होगा।