सब टीवी में प्रसारित होने वाले हिंदी धारावाहिक लापतागंज में भगवान वाल्मीकि के बारे में आपत्तिजनक शब्द कहने के मामले में राष्ट्रीय अनुसूचित जाति आयोग के पास शिकायत की गई है।
शिकायत यह है कि इस मामले शामिल लोगों को पंजाब पुलिस बचाने में लगी है। आयोग ने इस शिकायत के आधार पर मामले की जांच आईजी लॉ एंड आर्डर राकेश चंद्रा को सौंप दी है।
लुधियाना के रहने वाले धीरज चौहान ने आयोग को लिखी शिकायत में बताया कि उक्त धारावाहिक की 27 जनवरी, 2012 को प्रसारित किश्त में भगवान वाल्मीकि जी के बारे में अपमानजनक शब्द कहे गए थे। इसकी रिपोर्ट उन्होंने लुधियाना के डिवीजन नंबर पांच थाने में नौ लोगों के खिलाफ एफआईआर दर्ज कराई थी।
अदालत के आदेश के बाद इस वर्ष 28 जुलाई को पुलिस आरोपियों को पकड़ने के लिए मुंबई गई और धीरज भी पुलिस के साथ गया। पुलिस ने सीरियल के प्रोड्यूसर अश्वनी धीर, डायरेक्टर धर्म वर्मा और अभिनेता कृष्णा भट्ट को पकड़ लिया लेकिन अगले दिन सिर्फ प्रोड्यूसर को ही मुंबई की बांद्रा कोर्ट में पेश कर पंजाब लाया गया। बाकी आरोपियों को एएसआई सुखदेव सिंह ने छोड़ दिया।
आयोग ने इस शिकायत पर पंजाब के आईजी लॉ एंड आर्डर राकेश चंद्रा को इंक्वायरी करके इसकी रिपोर्ट आयोग को सौंपने के लिए कहा है।