यूजीसी के निर्देशानुसार विद्यार्थियों को कोविड-19 दिशा-निर्देश का पालन करना होगा। कंटेनमेंट जोन के विद्यार्थी और शिक्षक कॉलेज नहीं आएंगे। जो विद्यार्थी कॉलेज नहीं आ सकता उसे शिक्षक ऑनलाइन स्टडी मैटेरियल उपलब्ध करवाएंगे। कॉलेजों को सैनिटाइज, सामाजिक दूरी, मास्क और थर्मल स्क्रीनिंग का पूरा ध्यान रखना होगा। जिस भी विद्यार्थी को स्वास्थ्य संबंधी कोई भी समस्या होगी, वे घर पर ही रहेंगे।
एसओपी बनाई.. अब प्रशासन के फैसले का इंतजार
यूजीसी के दिशा-निर्देश के अनुसार कॉलेज खोलने को लेकर अपनी एसओपी (मानक संचालन प्रक्रिया) तैयार कर ली है। अब कॉलेज खोलने की तारीख को लेकर शिक्षा विभाग के फैसले का इंतजार है। दिवाली के बाद पहले हम अंतिम वर्ष और पीजी कोर्स के विद्यार्थियों को ही नियमित कक्षा के लिए बुलाएंगे। अगर विद्यार्थियों की तरफ से अच्छा रिस्पांस मिलता है तो बाद में 1 दिसंबर से सभी कोर्स के विद्यार्थियों लिए योजना तैयार की जाएगी। - डॉ. निशा अग्रवाल, प्राचार्य, पीजीजीसी- 42
कॉलेज खोलने पर तैयारी पूरी कर ली है। यूजीसी ने कॉलेज खोलने को लेकर दिशा-निर्देश दे दिए हैं। अभी शिक्षा विभाग के फैसले का इंतजार है। यूजीसी के दिशा-निर्देश के अनुसार एक बार में 50 प्रतिशत विद्यार्थियों को ही बुलाया जाएगा। वहीं अंतिम वर्ष और शोध के विद्यार्थियों को पहले प्राथमिकता दी जाएगी। कॉलेज के पास सामाजिक दूरी और स्वास्थ्य मापदंडों के अनुसार विद्यार्थियों की कक्षाएं लगाने के लिए पर्याप्त संसाधन है। - डॉ निशा भार्गव, एमसीएम कॉलेज - 36
ऑनलाइन में नियमित कक्षा जैसा माहौल नहीं
कॉलेज की तरफ से सभी विषयों की ऑनलाइन कक्षाएं ली जा रही है। पाठ्यक्रम भी अच्छे से करवाया जा रहा है लेकिन नियमित कक्षा जैसा माहौल ऑनलाइन में नहीं बन पाता। ऑनलाइन कक्षा में डिबेट, हाव-भाव, प्रैक्टिकल आदि गायब रहता है। - ऋतिक, अंतिम वर्ष छात्र, एसडी कॉलेज-32
दोबारा कॉलेज खुलने से काफी उत्साहित
कॉलेज के दोबारा खुलने से काफी उत्साहित हैं। मेरी कई विद्यार्थियों से भी बात हुई उनकी भी यही मांग है कि अब कॉलेज खोले जाएं। विद्यार्थी के तौर पर हम चाहते हैं कि कॉलेज स्वास्थ्य सुविधाओं का ध्यान रखें। वहीं कक्षाओं को अच्छे से सैनिटाइज करवाया जाए। - रूद्र राणा, अंतिम वर्ष छात्र, पीजीजीसी- 11