मनोहर लाल ने कहा कि किसान के पास अब दो रास्ते हैं। मंडी में न्यूनतम समर्थन मूल्य मिलेगा, अगर बाहर जाएगा तो उससे ज्यादा या कम पर भी बिकेगा, किसान खुद समझदार हैं। विपक्षी आलोचना के लिए नए कानूनों की आलोचना कर रहे हैं। विवाद में न्याय के लिए प्रदेश में कृषि न्यायालय बनाए जाएंगे।
26 सितंबर को दिल्ली जाने का विचार
मनोहर लाल ने अपने स्वास्थ्य को लेकर भी जानकारी दी। उन्होंने कहा कि गृह मंत्री से एक महीने से बात नहीं हुई, उनका भी स्वास्थ्य ठीक नहीं था। 26 सितंबर को दिल्ली जाकर अधिकारियों से मिलने की सोच रहा हूं। फिलहाल डॉक्टरों ने मुझे 25 सितंबर तारीख तक निगरानी में रखा हुआ है।
धान के सीधे भुगतान पर सर्वसम्मति से निर्णय
धान की सीधे भुगतान पर मुख्यमंत्री ने कहा कि आढ़तियों के साथ बातचीत में अंतिम निर्णय लेंगे। सर्वसम्मति से ही सीधे भुगतान के बारे में सोचा जाएगा। जल्दबाजी में कोई निर्णय नहीं लेंगे।
'आपदा में सेवा का अलग ही महत्व'
मुख्यमंत्री मनोहर लाल ने कहा कि कोरोना के समय में जब पूरी मानवता संकट में थी तब भाजपा कार्यकर्ताओं ने आगे बढ़कर सेवा का काम संभाला, लोगों की मदद की। आपदा के समय की गई सेवा का अलग ही महत्व होता है। मुख्यमंत्री सोमवार को चंडीगढ़ स्थित पार्टी कार्यालय में सेवा ही संगठन ई-बुक के लोकार्पण कार्यक्रम में बोल रहे थे। इस दौरान भाजपा प्रदेशाध्यक्ष ओपी धनखड़ भी मौजूद रहे।
ओमप्रकाश धनखड़ ने कहा कि इस ई-बुक में कोरोना लॉकडाउन में किए गए भाजपा कार्यकर्ताओं के जनसेवा के कामों और कार्यकर्ताओं के अनुभवों का संकलन है। इस ई-बुक को पार्टी की आधिकारिक वेबसाइट www.hr.bjp.org पर जाकर डाउनलोड भी किया जा सकता है और सुझाव भी दे सकते हैं।
भाजपा के प्रदेश महामंत्री एडवोकेट वेदपाल, प्रदेश मीडिया सह प्रभारी रणदीप घणघस, प्रदेश प्रवक्ता संजय शर्मा, प्रवीण अत्रे, रमणीक सिंह मान, आईटी विभाग के प्रदेश संयोजक अरुण सैनी, अरविंद सैनी, श्याम यादव, पंचकूला के जिलाध्यक्ष अजय शर्मा और भाजपा नेता संजय आहूजा उपस्थित रहे।
शीघ्र जिलों और मंडल स्तर पर बनी ई-बुक का होगा विमोचन
डिजिटल पुस्तक को तैयार करने वाली टीम के संयोजक व प्रदेश महामंत्री एडवोकेट वेदपाल ने बताया कि अब जिला व मंडल स्तर पर तैयार की गई ई-बुक का भी जल्दी विमोचन होगा। जिलों के अलग-अलग मंडलों में किए गए सेवा के कामों और सहभागी कार्यकर्ताओं के अनुभवों का संकलन इसमें किया गया है।