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48 घंटे बीतने के बाद भी बोरवेल में जिंदगी की जंग लड़ रहा 'फतेह', सीसीटीवी से तस्वीरें आईं सामने

Sat, 08 Jun 2019 06:01 PM IST
ajay kumar न्यूज डेस्क, अमर उजाला, सुनाम ऊधम सिंह वाला (संगरूर)
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राहत एवं बचाव कार्य जारी - फोटो : अमर उजाला
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संगरूर के गांव भगवानपुरा में डेढ़ सौ फुट गहरे बोरवेल में गिरे दो साल के मासूम फतेहवीर सिंह को 48 घंटे बाद भी बाहर नहीं निकाला जा सका है। शनिवार को केंद्रीय आपदा प्रबंधन टीम (एनडीआरएफ) और डेरा समर्थक टीम (शाह सतनाम फोर्स) ने फिर से मोर्चा संभाला।

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शाम चार बजे तक डेरा समर्थक टीम ने सौ फुट समानांतर बोर कर दिया और उसके बाद नए बोर को पुराने बोर (जिसमें फतेहवीर सिंह फंसा हुआ है) से मिलाने की कवायद शुरू की। 

वहीं सीसीटीवी के माध्यम से बच्चे पर लगातार नजर रखने के अलावा बोर में ऑक्सीजन से सप्लाई भी जारी है। फतेहवीर के हाथों में सूजन लगातार दिखाई दे रही है, लेकिन शनिवार को किसी तरह की मूवमेंट नोटिस नहीं की गई। इससे प्रशासन की परेशानी बढ़ गई है। सीसीटीवी फुटेज में बच्चे के हाथों पर मिट्टी चिपके होने का आभास हो रहा है। 
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घटनास्थल पर डॉक्टरों की टीम और एंबुलेंस का प्रबंध किया गया है। इसके अलावा संगरूर के एक निजी अस्पताल में वेंटीलेटर का इंतजाम भी किया गया है। डीसी घनश्याम थौरी और एसएसपी संदीप गर्ग खुद पूरी स्थिति को मॉनिटर कर रहे हैं।   

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गिर रहे फतेह को छू भर पाई थी मां 

फंसे हुए बच्चे की सीसीटीवी तस्वीर - फोटो : अमर उजाला
गुरुवार शाम चार बजे फतेहवीर सिंह खेलते वक्त बोरवेल में गिर गया था। खेत में ही घर होने के चलते फतेहवीर यहीं खेल रहा था। इसी दौरान उसके पिता कस्सी धोने के लिए नल पर चले गए और फतेहवीर बोर में गिर गया।

उसकी मां गगनदीप कौर ने भागकर उसे पकड़ने की कोशिश भी की थी, लेकिन वह फतेहवीर को केवल स्पर्श ही कर सकी थीं। वह इसके लिए खुद को कोस रही है और बार-बार अपना होश खो रही है।

मौके पर पहुंचे सिंगला और मान 
कैबिनेट मंत्री विजयइंदर सिंगला के अलावा सांसद भगवंत मान ने घटनास्थल का दौरा करके हालात का जायजा लिया। दोनों नेताओं ने सीसीटीवी से बच्चे के हालात देखे और परिजनों से मुलाकात करके उनका हौसला बढ़ाया। सिंगला ने कहा कि मामले में सरकार पूरी तरह से गंभीर है और बच्चे को बचाने की कोशिश की जा रही है। 

यदि इलाज के लिए बच्चे को कहीं बाहर ले जाने की जरूरत हुई तो सरकार हवाई मार्ग के लिए भी पूरी तरह से तैयार है। उन्होंने कहा कि एनडीआरएफ की टीम अपनी कोशिश जारी रखे हुए है। मिट्टी के हिलने से एनडीआरएफ की टीम नई संभावना को देखते हुए प्रयास कर रही है। वहीं सांसद मान ने कहा कि सरकार बडे़ स्तर पर कोशिश करके बच्चे को सुरक्षित निकाले।   
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