चंडीगढ़। नगर निगम स्वच्छता अभियान में बेहतर रैंकिंग लाने के लिए हर संभव प्रयास कर रहा है। निगम की ओर से जल्द शहरवासियों के लिए नाटक, कविता, पोट्रेट सहित अन्य प्रतियोगिताओं के आयोजन किए जाएंगे। इन प्रतियोगिताओं में भाग लेने वाले व्यक्ति निगम को फोटो भेजेंगे। प्रत्येक प्रतियोगिता में सर्वश्रेष्ठ तीन प्रतियोगियों को निगम सम्मानित करेगा। साथ ही लोगों में लगातार जागरूक करने की भी योजना है।
हर साल सफाई पर करोड़ों रुपये फूंकने के बावजूद नगर निगम ने हर बार टॉप 10 में स्थान बनाने में चूक जाता है। अधिकारियों का मानना है कि रैंकिंग में गिरावट का कारण गीला-सूखा कचरा अलग-अलग न लेना व शहर से निकलने वाले कचरे को पूरी तरह प्रोसेस न कर पाना है। हालांकि अब नगर निगम ने 390 गाड़ियां मंगवा ली हैं और गीला-सूखा कचरा अलग-अलग लेने की व्यवस्था को भी मजबूत करने का दावा किया है।
पिछले साल चंडीगढ़ स्वच्छता रैंकिंग में देशभर में 16वें स्थान पर रह था। वहीं, वर्ष 2017 में स्वच्छता रैंकिंग में शहर को 11वां स्थान मिला था। उसके बाद लोगों के साथ मिलकर अधिकारियों ने मेहनत की, जिसकी बदौलत अगले वर्ष 2018 में स्वच्छता सर्वेक्षण में देशभर में तीसरे नंबर पर आ गया, लेकिन उसके बाद शहर का प्रदर्शन लगातार गिरता गया। वर्ष 2019 में शहर फिसलकर 20वें पायदान पर पहुंच गया। अब निगम ने लोगों को जागरूक करने के लिए योजना तैयार कर ली है।