चंडीगढ़। ऑनलाइन एप से लोन लेने के चक्कर में चंडीगढ़ पुलिस की महिला कांस्टेबल से 43.81 लाख रुपये की ठगी हो गई। लोन देने के नाम पर ठगों ने महिला कांस्टेबल की तस्वीर के साथ छेड़छाड़ कर उसे न्यूड कर उनके जानकारों को नंबरों पर भेजा गया। ब्लैकमेल तथा लोन रकम चुकाने का दबाव डाल कुल 71 लाख रुपये ठगी की। हालांकि इसमें से यूपीआई के जरिए लगभग 27 लाख रुपये वापस आ गए। वहीं, बाकी 43.81 लाख रुपये की चपत लगा दी। शिकायतकर्ता को ठगों ने ब्लैकमेल करते हुए कहा कि अगर रकम न दी गई तो अश्लील साइट्स पर उसकी तस्वीरों को अपलोड किया जाएगा। चंडीगढ़ निवासी की शिकायत पर साइबर अपराध पुलिस थाने ने आईपीसी की धारा 384, 419, 420, 467, 468, 471, 509 और 120बी के तहत मामला दर्ज करते हुए गिरोह की तलाश शुरू कर दी है।
35 वर्षीय महिला कांस्टेबल का कहना है कि उसके मोबाइल पर रियल मनी नामक एप की नोटिफिकेशन आई थी। उसे क्लिक करने पर वह डाउनलोड हो गई और उसमें शिकायतकर्ता ने बैंक खाते की जानकारी भर दी। इसके बाद उनके खाते में 1800 रुपये आ गए। उन्होंने यह रकम वापस करने की कोशिश की मगर नहीं हुए। इसके तीन से चार दिन बाद इसी तरह की लोन एप की नोटिफिकेशन आई। उसे कांस्टेबल ने क्लिक कर दिया। इसके बाद महिला के व्हाट्सएप पर कई विदेशी नंबरों और उसके कांटेक्ट सूची में शामिल नंबरों के भी संदेश आने शुरू हो गए। महिला कांस्टेबल को संदेशों में कहा गया कि उसने कई एप से लोन लिया है जो वापस करें। शिकायतकर्ता ने बताई गई यूपीआई आईडी पर पैसे भेज दिए।
नंबरों पर भेजनी शुरू की आपत्तिजनक तस्वीरें
महिला कांस्टेबल को अलग अलग लोन बताकर ब्लैकमेल किया जाने लगा। आरोपियों ने शिकायतकर्ता की फोटो को न्यूड कर उसे और उसके कांटेक्ट नंबरों पर भेजना शुरू कर दिया था। वहीं, आगे डराया गया कि रकम नहीं दी तो न्यूड तस्वीरें अश्लील साइट्स पर डालनी शुरू कर देंगे। शिकायतकर्ता के मुताबिक आरोपियों ने लोन देने के नाम पर उनके मोबाइल से नंबर आदि जानकारी हासिल कर उनकी तस्वीरों को नग्न बनाकर आगे भेजा गया।