बठिंडा के कारोबारी को अगवा कर एक करोड़ रुपये लूटने के मामले में चंडीगढ़ पुलिस के सब-इंस्पेक्टर नवीन फोगाट समेत चार लोगों के खिलाफ एफआईआर दर्ज कर पुलिस ने 75 लाख रुपये बरामद कर लिए। एसएसपी कंवरदीप कौर ने आरोपी नवीन को तत्काल प्रभाव से बर्खास्त कर दिया।
इससे पहले फोगाट पर मुंबई की एक मॉडल ने दुष्कर्म का आरोप लगाया था। यह मामला भी काफी चर्चित रहा। मामले में मॉडल के मुकरने के बाद फोगाट अदालत से बरी हो गया था। ताजा मामले में आरोप के मुताबिक, बीते चार अगस्त को नवीन फोगाट ने तीन सायों के साथ बठिंडा के कारोबारी का अपहरण कर वारदात को अंजाम दिया। मामला सामने आने के बाद पांच अगस्त से वह फरार है। छह अगस्त को सेक्टर-39 थाना पुलिस ने अपहरण, जान से मारने की धमकी देकर या गंभीर चोट पहुंचाते हुए वसूली करने, आपराधिक साजिश रचने आदि धाराओं में मामला दर्ज किया था।
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अभी कुछ दिन पहले सात लाख रुपये की रिश्वत मामले में दो बिचौलियों को तीन लाख रुपये की रिश्वत लेते गिरफ्तार किया गया था। इस मामले में भी चंडीगढ़ पुलिस के ऑपरेशन सेल के इंचार्ज रहे हरिंदर सिंह सेखों, पीसीआर में तैनात कांस्टेबल पवन का नाम आया था। पवन के खिलाफ मामला दर्ज किया गया है और वह फरार है। लगातार आपराधिक मामलों में पुलिसकर्मियों का नाम आने से यूटी पुलिस की फजीहत हो रही है।
नोट बदलवाने के चक्कर में फंस गए संजय
पीड़ित संजय गोयल (48) बठिंडा के गणेश नगर निवासी हैं और चना-दाल के थोक विक्रेता हैं। उन्होंने अपनी शिकायत में आरोपियों के नाम बठिंडा निवासी सर्वेश कौशल, मोहाली फेज-11 निवासी जतिंदर और गिल (सरनेम) बताए हैं। सर्वेश उनका जानकार है जो करेंसी/क्वाइन में डील करता है। चार अगस्त को सर्वेश ने उनको फोन कर कहा कि उसके एक जानकार के पास 2-2 हजार रुपये के कई नोट हैं, जिन्हें वह 500-500 रुपये के नोट से बदलना चाहता है।
संजय ने कहा कि वह 1 करोड़ रुपये तक के नोट बदल सकते हैं। इसके बाद सर्वेश ने मोहाली एयरोसिटी के एक इमीग्रेशन कंपनी संचालक जतिंदर के बारे में बताते हुए उससे मिलने को कहा। संजय अपने एक जानकार राजकुमार के साथ होंडा सिटी में चार अगस्त को एक करोड़ रुपये लेकर मोहाली को पहुंचे।
जतिंदर ने उन्हें ब्राइट इमीग्रेशन, ब्लॉक-सी एयरोसिटी बुलाया। बताई गई लोकेशन पर पहुंचने पर जतिंदर मर्सिडीज कार में दो लोगों के साथ मिला। उसने संजय को कार लेकर पीछे आने को कहा। दोनों गाड़ियां चंडीगढ़ सेक्टर-40 के बाजार में पहुंची। यहां से जतिंदर और गिल उपनाम वाला व्यक्ति संजय की कार में बैठ गए। यहां जतिंदर ने किसी को फोन कर कहा कि पार्टी के पास सामान है और वह अपना सामान ले आए।
अचानक आ धमके पुलिसवाले और ले ली सारी रकम
इसके बाद शाम लगभग साढ़े 7 बजे संजय की कार के पास एक पुलिसकर्मी अपने दो साथियों के साथ पहुंचा और डिक्की खोलने को कहा। यह देख जतिंदर और गिल भाग गए। इस बीच एक पुलिसकर्मी ने कार की चाबी निकाल ली और दूसरे ने संजय व राजकुमार का फोन लेकर एरोप्लेन मोड पर लगा दिया। इसके बाद तीनों पुलिसकर्मी संजय की गाड़ी बीट बॉक्स की ओर ले गए। वहां धमकाते हुए तलाशी लेकर पहले तो संजय की जेब से एक लाख रुपये निकाल लिए। बाद में गाड़ी की आरसी और ड्राइविंग लाइसेंस भी ले लिया। रकम व सामान मांगने पर संजय और राजकुमार को जान से मारने की धमकी दी। फिर संजय की गाड़ी से आरोपी पुलिसकर्मियों ने एक करोड़ रुपये की रकम निकालकर अपनी गाड़ी में डाल ली। इसके बाद संजय और राजकुमार को उनकी ही कार में आरोपी जीरी मंडी शेड के पास सेक्टर-39 में सुनसान जगह ले गए। यहां कुल चार आरोपी थे और उन्होंने शिकायतकर्ता को ड्रग्स और पिस्टल के झूठे मामले मे फंसाने और जान से मारने की धमकी देकर वहां से भाग जाने को कहा।
थाने के बाहर दिखा फोगाट तो हुआ खुलासा
बठिंडा पहुंचकर संजय ने सारी बात परिवार को बताई और शनिवार (5 अगस्त) को वह चंडीगढ़ सेक्टर-39 थाने पहुंचे। वहां शिकायतकर्ता ने आरोपियों में से एक (नवीन फोगाट) को पहचान लिया। यह देख फोगाट घबरा गया और संजय अपने ऑफिस में ले गया। उसने संजय को कहा कि वह उन्हें 84 लाख रुपये लौटा देगा, लेकिन पुलिस को शिकायत दी तो वह उन्हें नहीं छोड़ेगा।
इसके बाद संजय के साथ आए हैप्पी नामक व्यक्ति को पैसों से भरे दो बैग दिए। उसमें कुल 75 लाख रुपये थे। इसके बाद शिकायतकर्ता फिर थाने पहुंचे और अफसरों को मामले की जानकारी दी, जिसके बाद बीती देर रात तक पुलिस की जांच चली और रविवार को मामला दर्ज हुआ। शिकायतकर्ता को थाने के कुछ पुलिसकर्मी पहचान के लिए दिखाए गए मगर उनमें वह आरोपी नहीं मिले। पुलिस सभी की तलाश में जुटी है।
मॉडल के मुकरने पर मिली थी राहत
एसआई नवीन फोगाट पर वर्ष 2018 में मुंबई की एक मॉडल के साथ चंडीगढ़ के इंडस्ट्रियल एरिया के एक होटल में दुष्कर्म और धमकाने के आरोप लगे थे। 18 अक्तूबर, 2018 को यह मामला दर्ज हुआ था। उस समय फोगाट साइबर सेल में था और मॉडल के एक मामले की जांच कर रहा था। इसी के चलते वह मई, 2018 में उसके संपर्क में आया था। मॉडल को पंजाबी फिल्म इंडस्ट्री में काम दिलवाने के नाम पर किसी राहुल से उससे 10 लाख रुपये ठग लिए थे।
16 महीने चले ट्रायल के बाद फरवरी, 2020 में उसे चंडीगढ़ जिला अदालत ने बरी कर दिया था। मामले में पीडि़ता मॉडल अपने बयानों से मुकर गई थी और फोगाट को पहचानने से इंकार कर दिया था। हालांकि केस दर्ज होने पर उसे विभाग ने फोगाट को नौकरी से बर्खास्त कर दिया था। इस फैसले को उसने केंद्रीय प्रशासनिक अधिकरण (कैट) में चुनौती दी थी। हाल ही में बहाल होने के बाद हाल ही में उसे सेक्टर 39 थाने में तैनात किया गया था। यहां वह अतिरिक्त थाना प्रभारी के रुप में कार्यभार संभाल रहा था। एसएसपी ने कहा है कि फोगाट के खिलाफ दुष्कर्म और अनाचरण के मामले में विभागीय जांच लंबित है।