चंडीगढ़ देशभर के सुनियोजित शहरों में शामिल है। इस शहर में काम का तरीका किसी राज्य सरकार में अधिकारी के तौर पर काम करने से अलग है। चंडीगढ़ जैसे शहर के लिए बनने वाली योजनाओं पर राज्यों के मुकाबले अधिक तेजी से अमल होता है। कुछ ऐसे ही विचार रखे 1994 हरियाणा कैडर के आईएएस अधिकारी अनुराग अग्रवाल ने।
सोमवार को चंडीगढ़ गृह सचिव का पदभार संभालने के बाद अग्रवाल ने कहा कि अभी चंडीगढ़ के सिस्टम को समझने में कुछ समय लगेगा, लेकिन उनकी प्राथमिकता शहर के आम आदमी की सुविधा में इजाफा करना होगा। अनुराग ने कहा कि उन्हें हेल्थ डिपार्टमेंट की जिम्मेदारी दी गई है।
ऐसे में उनका फोकस इस विभाग की कार्यप्रणाली को बेहतर करने पर रहेगा। शहर की सभी डिस्पेंसरी और प्रमुख अस्पतालों में मिलने वाली सुविधाओं का रिव्यू किया जाएगा। अग्रवाल ने कहा कि वह खुद सभी स्वास्थ्य सेंटर का दौरा करेंगे। प्रशासन के कार्यों का आम लोगों से फीडबैक भी लिया जाएगा।
हरियाणा सरकार का विजन क्लीयर
काफी कम समय में उनके नाम को चंडीगढ़ गृह सचिव के तौर पर करने के सवाल पर अनुराग अग्रवाल ने कहा कि इससे आप हरियाणा सरकार के क्लीयर विजन का अंदाजा लगा सकते हैं। अग्रवाल ने बताया कि हरियाणा सरकार में रहते हुए उन्होंने हुडा, बिजली और परसोनल विभाग में सेवाएं दी हैं।
रेगुलर जिम और बैडमिंटन से फिटनेस
कानपुर में जन्मे अनुराग अग्रवाल ने बताया कि उनकी स्कूली शिक्षा नैनीताल स्थित बिड़ला स्कूल से हुई। उन्होंने बिट्स पिलानी से बीटेक (इलेक्ट्रिकल) की है। उन्होंने एमबीए इंडियन इंस्टीट्यूट ऑफ फोरन ट्रेड में की है। अग्रवाल ने बताया कि उनके अभिभावक हायर एजुकेशन विभाग में कार्यरत रहे हैं। खुद को तनावमुक्त और दुरुस्त रखने के लिए वे प्रतिदिन जिम जाते हैं। वक्त मिलने पर बैडमिंटन भी खेलते हैं।