पिछले साल मेयर चुनाव के दौरान मोबाइल साथ में रखने को लेकर कांग्रेस और भाजपा पार्षदों में बहस हो गई थी। कांग्रेस पार्षद दल के नेता देवेंद्र सिंह का बबला ने कहा था कि अगर किसी पार्षद के पास मोबाइल मिलता है तो उसके खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाए। जिस पर सांसद किरण खेर ने कहा था कि कांग्रेस के लोग मोबाइल का मामला उठाकर भाजपा के वोट अपनी ओर खींचना चाहते हैं, जबकि वह अपने पार्षदों की संख्या बढ़ाएं तो अच्छा है। इस बार कांग्रेस ने पहले ही सेक्रेटरी को पत्र लिखकर इन चीजों को अंदर लाने के लिए मना कर दिया है।
यह है मतों का समीकरण
- कुल पार्षद : 26
- सांसद का वोट : 1
- भाजपा : 20 पार्षद
- कांग्रेस : 5 पार्षद
- अकाली दल : 1 पार्षद
- जीत के लिए चाहिए वोट : 13
पार्टी पूरी तरह एकजुट है। भाजपा के पक्ष में 19 वोट तय हैं। हीरा नेगी स्वस्थ रहीं तो पूरे 20 वोट होंगे। अस्वस्थता के कारण सांसद वोट नहीं डाल सकेंगी। - रविकांत शर्मा, पार्षद व भाजपा मेयर उम्मीदवार।
हमने पत्र लिखकर पहले ही मोबाइल व अन्य इलेक्ट्रॉनिक उपकरण अंदर ले जाने की अपील की है। भाजपाई वोट सुनिश्चित करने के लिए इस बार भी फोटो खींचने की रणनीति अपनाने वाले थे। हम चुनाव के लिए तैयार हैं। - देवेंद्र सिंह बबला, पार्षद व कांग्रेस के मेयर पद के उम्मीदवार।
स्क्रीनिंग के बाद ही मतदान कक्ष में पार्षदों को मिलेगा प्रवेश
मेयर, सीनियर डिप्टी मेयर व डिप्टी मेयर चुनाव के लिए पहली बार पार्षदों की स्क्रीनिंग की व्यवस्था होगी। इस दौरान किसी का भी तापमान ज्यादा मिला तो उससे बाहर ही वोट डलवाकर वापस भेज दिया जाएगा। इस दौरान कर्मचारी पीपीई किट में तैनात रहेंगे। चुनाव अधिकारी अजय दत्ता ने बताया कि कोई पार्षद कोरोना संक्रमित होता है और वोट डालना चाहता है उसके लिए अलग से बॉक्स बाहर ले जाया जाएगा, जिसमें वह अपना वोट डाल देगा।
अधिकारी भी दस्ताने पहने रहेंगे। गिनती के दौरान वोटर की पर्ची देखकर पूरी तरह से हाथ सैनिटाइज किए जाएंगे। इसके अलावा बैलेट पेपर के पास सैनिटाइजर रखा जाएगा। प्रत्येक पार्षद वोट डालने से पहले सैनिटाइजर का उपयोग करने के बाद ही वोट डालेगा। इस पूरी प्रक्रिया में ध्यान रखा जाएगा किसी प्रकार की कोई चूक न हो। सुबह 11 बजे से मतदान शुरू होकर एक से दो घंटे में खत्म हो जाएगा।