भाजपा के मनोज सोनकर बने चंडीगढ़ के मेयर
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चंडीगढ़ मेयर चुनाव में मंगलवार को बड़ा उलटफेर हुआ। इस चुनाव के लिए पहली बार भाजपा के खिलाफ कांग्रेस और आप साथ आए थे। गठबंधन के पास बीस पार्षद थे।
भाजपा के पास 14 पार्षद और एक सांसद का वोट था। चुनाव में भाजपा को कुल 16 वोट मिले और मेयर पद पर मनोज सोनकर बैठ गए। वहीं गठबंधन उम्मीदवार कुलदीप टीटा को 20 में से 12 वोट मिले। आठ वोट अमान्य कर दिए गए।
हाईकोर्ट पहुंचा मामला
भाजपा की जीत के बाद कांग्रेस और आम आदमी पार्टी के संयुक्त उम्मीदवार कुलदीप कुमार ने तत्काल हाईकोर्ट से गुहार लगाते हुए कहा कि यह चुनाव गलत है। उनके 8 वोट अमान्य करार दे दिए गए और इसका कोई कारण तक नहीं बताया गया।
कुलदीप कुमार की तरफ से सीनियर एडवोकेट गुरमिंदर सिंह ने दोपहर सवा दो बजे हाईकोर्ट से आग्रह किया कि उनकी इस याचिका पर तत्काल सुनवाई की जाए और इस चुनाव का रिकॉर्ड सील किया जाए, यह सीधे तौर पर लोकतंत्र ही हत्या है। लेकिन हाईकोर्ट ने आज इस याचिका पर सुनवाई करने से इनकार कर दिया और बुधवार सुबह इस याचिका पर सुनवाई किया जाना तय कर दिया है।
केजरीवाल बोले-दिनदहाड़े हुई बेईमानी
अरविंद केजरीवाल ने ट्वीट कर चंडीगढ़ मेयर चुनाव पर प्रतिक्रिया दी। केजरीवाल ने कहा कि चंडीगढ़ मेयर चुनाव में दिन दहाड़े जिस तरह से बेईमानी की गई है, वो बेहद चिंताजनक है। यदि एक मेयर चुनाव में ये लोग इतना गिर सकते हैं तो देश के चुनाव में तो ये किसी भी हद तक जा सकते हैं। ये बेहद चिंताजनक है।