इस साल चंडीगढ़ में मेयर का पद महिला उम्मीदवार के लिए आरक्षित है। हालांकि, सीनियर डिप्टी मेयर और डिप्टी मेयर के पद पर कोई भी उम्मीदवार खड़ा हो सकता है। पिछले मेयर का चुनाव 29 जनवरी को हुआ था, इसलिए माना जा रहा है कि इस बार चुनाव 29 जनवरी या फरवरी के पहले हफ्ते में हो सकता है।
चंडीगढ़ में मेयर चुनाव की सरगर्मियां तेज हो गई हैं। चंडीगढ़ भाजपा प्रभारी चंडीगढ़ पहुंच गए हैं तो आम आदमी पार्टी में भी उम्मीदवारी के लिए रस्साकशी शुरू हो गई है। वार्ड नंबर-1 की पार्षद जसविंदर कौर के लिए उनके गांव के पूर्व सरपंचों व अन्य ने अरविंद केजरीवाल को पत्र लिखा है। वहीं, दबी जुबान में कांग्रेस के नेता भी गठबंधन में मेयर की कुर्सी की मांग कर रहे हैं।
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चंडीगढ़ भाजपा प्रभारी और गाजियाबाद के सांसद अतुल गर्ग ने रविवार को सेक्टर-33 स्थित भाजपा कार्यालय में आगामी मेयर चुनाव को लेकर पार्टी के पार्षदों और पदाधिकारियों के साथ बैठक की। अतुल गर्ग ने स्पष्ट किया कि भाजपा के सभी 15 पार्षद मेयर चुनाव के लिए पूरी तरह से एकजुट हैं। उन्होंने भरोसा जताया कि चुनाव के दौरान भाजपा पार्षद हाउस में एकजुटता का प्रदर्शन कर पार्टी की नीति और सिद्धांतों को मजबूती से आगे बढ़ाएंगे।
इस अवसर पर चंडीगढ़ भाजपा अध्यक्ष जतिंदर पाल मल्होत्रा और हिमाचल प्रदेश भाजपा के प्रभारी संजय टंडन भी मौजूद रहे। उन्होंने भी पार्षदों को पार्टी की एकजुटता बनाए रखने और चुनाव के दौरान अनुशासन और समर्पण के साथ काम करने का आह्वान किया। सभी पार्षदों ने पार्टी की नीतियों और जनता की उम्मीदों पर खरा उतरने का वादा किया। बैठक के दौरान मेयर चुनाव से संबंधित विभिन्न मुद्दों पर विस्तृत चर्चा की गई और रणनीतियां तय की गईं। पार्टी पदाधिकारियों ने यह भी कहा कि भाजपा का मुख्य उद्देश्य चंडीगढ़ के विकास को नई दिशा देना है और जनता की अपेक्षाओं पर खरा उतरना है।
केजरीवाल को पत्र- गांव का मेयर नहीं बना, जसविंदर कौर को मिले मौका
वार्ड नंबर-1 की पार्षद जसविंदर कौर को मेयर का उम्मीदवार बनाने के लिए गांवों और कॉलोनियों के पूर्व सरपंचों, पंचों और लंबरदारों ने आम आदमी पार्टी के राष्ट्रीय संयोजक अरविंद केजरीवाल को एक पत्र लिखा है। पत्र में कहा गया है कि चंडीगढ़ के गांवों ने नगर निगम चुनाव में आम आदमी पार्टी को बड़ा समर्थन दिया है। ऐसे में जसविंदर कौर को मेयर बनाकर गांवों और कॉलोनियों के विकास को प्राथमिकता दी जानी चाहिए। कहा है कि इससे पहले चंडीगढ़ में हर बार शहर के वार्डों के मेयर बनते आए हैं और गांवों के पार्षदों को मौका नहीं मिला है। पत्र में यह भी कहा है कि वार्ड नंबर-1 के अंतर्गत सबसे ज्यादा गांव आते हैं, और यह सब गांव हरियाणा और पंजाब के क्षेत्र के साथ लगते हैं। पत्र पर कई पूर्व ग्राम प्रधानों और जिला परिषद सदस्यों ने हस्ताक्षर किए हैं। इस पत्र से आप के अंदर भी हलचल मच गई है।
इनके बीच मुकाबला
महिला उम्मीदवार के लिए सीट आरक्षित होने की वजह से उम्मीदवारों की संख्या गिनी चुनी ही है। सबसे ज्यादा उम्मीदवार आम आदमी पार्टी में ही देखे जा रहे हैं। इसमें पार्षद प्रेमलता, पार्षद जसविंदर कौर और अंजू कत्याल का नाम चल रहा है। वहीं, भाजपा में हरप्रीत कौर बबला को मेयर पद के उम्मीदवार का प्रबल दावेदार माना जा रहा है। उनके अलावा पूर्व मेयर सरबजीत कौर भी रेस में हैं। वहीं, कांग्रेस में महिला उम्मीदवार तो हैं लेकिन गठबंधन होने की वजह से माना जा रहा है कि इस बार भी मेयर का पद आम आदमी पार्टी के खाते में ही जाएगा। हालांकि, सीनियर डिप्टी मेयर और डिप्टी मेयर का पद पिछली बार की तरह कांग्रेस के खाते में जा सकता है।
इस बार फरवरी के पहले हफ्ते में हो सकता है चुनाव
शहर में हर साल मेयर के चुनाव होते हैं और इसमें सभी 35 पार्षद वोट डालते हैं। जिस भी उम्मीदवार को सबसे ज्यादा पार्षदों का वोट मिलता है, वो मेयर चुने जाते हैं। इसी दिन सीनियर डिप्टी मेयर और डिप्टी मेयर का भी चुनाव होता है। इस साल मेयर का पद महिला उम्मीदवार के लिए आरक्षित है। हालांकि, सीनियर डिप्टी मेयर और डिप्टी मेयर के पद पर कोई भी उम्मीदवार खड़ा हो सकता है। पिछले मेयर का चुनाव 29 जनवरी को हुआ था, इसलिए माना जा रहा है कि इस बार चुनाव 29 जनवरी या फरवरी के पहले हफ्ते में हो सकता है।