अब चंडीगढ़ के दिल को मजबूत करने की आवश्यकता है। लोकसभा के चुनाव में अलग अलग दलों के प्रत्याशियों से सिटी के व्यापारियों को सबसे ज्यादा आवश्यकता है मार्केट के ब्यूटीफिकेशन की। जिन मार्केट में ग्राहक ज्यादा हैं उनमें जनसुविधओं की सबसे ज्यादा कमी है। न ट्वायलेट हैं न ही पानी की पर्याप्त व्यवस्था। नतीजा आने वाला ग्राहक दोबारा आने के लिए सोंचता तक नहीं।
माल कल्चर डवलप होने के साथ ही मार्केट की भीड़ खत्म होने लगी है। ऐसे में सेक्टर-17 को नए ढंग से डवलप करना चाहिए लेकिन यहां तो ब्यूटीफिकेशन ही नहीं होता। लाइट्स में समस्याएं हैं। ग्राहकों के लिए जनसुविधाओं की कमी है। चंडीगढ़ प्रशासन ने गतिविधियों के माध्यम से यहां भीड़ खींचने की शुरुआत तो की है लेकिन उसका लाभ तभी होगा जबकि इसको ज्यादा बेहतर डवलप किया जाएगा।
संजीव चड्ढा, सेक्टर-17 मार्केट वेलफेयर एसोसिएशन
हमारी मार्केट बहुत पुरानी है। लेकिन इस मार्केट के लिए अब तक कोई स्टेप नहीं उठाए गए। हमारी दुकानें तो लगभग किनारे रख दी गईं हैं। यहां ब्यूटीफिकेशन तक नहीं किया गया। अब पार्किंग बनाई जा रही है तो रास्ता ब्लाक हो गया है। सेक्टर-17 की मार्केट ऐसी है जिसमें प्रशासन ब्यूटीफिकेशन के लिए काफी समय से बता रहा है पर होता कुछ नहीं है।
विरेंद्र गुलेरिया, सीबीएम सदस्य और सेक्टर-17 के व्यापारी
री कारपेंटिंग तो ठीक करवाएं
चंडीगढ़ प्रशासन हो या कोई और हमारे लिए मुश्किल यह है समस्याएं कोई नहीं सुनता है। पार्किंग की समस्या जैसे की तैसी है। मार्केट के बैक में पार्किंग है और आगे भी। हमने हरेक अधिकारी को दिखाया पर नतीजा कुछ नहीं निकला। यहां जनसुविधाओं की कमी है। मसलन टॉयलेट तक दुरुस्त नहीं हैं। ऐसी स्थिति में हम क्या करें।
राम जी मानचंदा, मार्केट वेलफेयर एसोसिएशन सेक्टर-19 चंडीगढ़