इमिग्रेशन कंपनी युवक को आवेदन के बावजूद विदेश में नौकरी नहीं दिला पाई तो उपभोक्ता फोरम ने सख्ती दिखाते हुए पूरे पैसे लौटाने के आदेश दिए। इमिग्रेशन कंपनी ने कुछ राशि तो लौटा दी, मगर बाकी की राशि वापस नहीं की।
इस पर उपभोक्ता विवाद निवारण फोरम-1 ने इमिग्रेशन कंपनी को निर्देश दिया है कि वह शिकायतकर्ता को 82 हजार 533 रुपये वापस करने के अलावा 40 हजार रुपये मुआवजा और 10 हजार रुपये मुकदमा खर्च अदा करे।
परमिंदर सिंह निवासी गांव तिड़ा जिला मोहाली ने सेक्टर-22, फेज-6 मोहाली और नई दिल्ली के राजौरी गार्डन स्थित मेसर्स वर्ल्डवाइड इमिग्रेशन कंसल्टेंसी सर्विसेज लिमिटेड और दुबई स्थित मेसर्स ग्लोबल स्ट्रेजिक बिजनेस कंसल्टेंसी थ्रू मेसर्स वर्ल्डवाइड इमिग्रेशन कंसल्टेंसी सर्विसेज लिमिटेड के खिलाफ उपभोक्ता फोरम में शिकायत दी कि वह कनाडा में जॉब के लिए सेक्टर-22 स्थित वर्ल्डवाइड इमिग्रेशन कंसल्टेंसी सर्विसेज लिमिटेड के कार्यालय में गए।
उन्होंने क्यूबेक स्किल्ड वर्कर कैटेगरी के लिए 31 अक्तूबर 2012 को आवेदन किया और इसके लिए उन्होंने 84 हजार 720 रुपये अदा किए, लेकिन कोई रिस्पांस न मिलने पर दूसरे पक्ष की सलाह पर दूसरी बार उन्होंने फेडरल स्किल्ड ट्रेडर्स प्रोग्राम के लिए आवेदन किया।
दूसरी बार कांट्रैक्ट साइन करने के बाद एक लाख 68 हजार 540 रुपये दिए। शिकायतकर्ता ने उपभोक्ता फोरम को बताया कि कुल मिलाकर उन्होंने चार लाख 67 हजार 533 रुपये दिए, लेकिन उनका काम नहीं हुआ।