फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

पंजाब सरकार को केंद्र का निर्देश: प्रधानमंत्री आवास योजना अर्बन में लाएं तेजी या मकान-राशि कर दें सरेंडर

Mon, 22 Jul 2024 02:22 PM IST
निवेदिता वर्मा राजिंद्र शर्मा, अमर उजाला, चंडीगढ़

सार

केंद्र सरकार ने वर्ष 2015 में पीएम आवास योजना को जारी किया था। अब तक प्रदेश में योजना के तहत 79,969 मकानों को स्वीकृति मिली है। इसमें से 41,012 मकानों का काम पूरा किया जा चुका है, जबकि अभी भी 31,149 का काम अधूरा है।
विज्ञापन
प्रधानमंत्री आवास योजना अर्बन - फोटो : Istock
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

केंद्र ने पंजाब सरकार को निर्देश दिए हैं कि प्रधानमंत्री आवास योजना अर्बन के तहत प्रदेश में मंजूर मकानों का काम जल्द पूरा किया जाना चाहिए, नहीं तो वह मंजूर मकान या राशि को सरेंडर कर दें।
विज्ञापन


केंद्र सरकार ने वर्ष 2015 में पीएम आवास योजना को जारी किया था। अब तक प्रदेश में योजना के तहत 79,969 मकानों को स्वीकृति मिली है। इसमें से 41,012 मकानों का काम पूरा किया जा चुका है, जबकि अभी भी 31,149 का काम अधूरा है। इन मकानों का काम अलग-अलग स्तर पर चल रहा है। इसके अलावा मंजूरी न मिलने के चलते व अन्य कारणों की वजह से 7808 मकानों को सरेंडर भी किया गया है।

मार्च 2015 में आवास और शहरी विकास मंत्रालय ने इस योजना को जारी किया था, ताकि पंजाब में उन गरीब लोगों को पक्का घर प्रदान किया जा सके जो कच्चे घरों में रह रहे हैं। योजना का लाभ उन परिवारों को मिलता है, जिनकी वार्षिक आय 3 लाख है और जो पिछले 10 वर्षों से पंजाब में रह रहे हैं। 
विज्ञापन


इसके अलावा जिन लोगों ने पिछले पांच साल में केंद्र व राज्य की किसी योजना का लाभ नहीं लिया, उनको भी योजना के तहत राशि जारी की जाती है। नया घर बनाने के लिए लाभार्थी के पास 36 स्क्वेयर यार्ड की भूमि होनी जरूरी है, जबकि अगर लाभार्थी आगे कुछ मकान में विस्तार करना चाहता है तो उसके लिए 25 स्क्वेयर यार्ड की भूमि होना चाहिए।

पीएम आवास योजना के तहत पहले से स्वीकृत मकानों का काम पूरा न होने के चलते इसका पोर्टल भी बंद कर दिया गया था, ताकि पहले लंबित मकानों का काम पूरा हो सके और उसके बाद ही नए लोग मकानों के लिए आवेदन कर सकें।

31 दिसंबर तक मकानों का काम पूरा करने का लक्ष्य 

केंद्र सरकार के निर्देशों के बाद राज्य सरकार ने इस साल 31 दिसंबर तक इन मकानों को पूरा करने का लक्ष्य तय किया है, जिस पर कुल 528.72 करोड़ रुपये की राशि खर्च होगी। हालांकि स्थानीय निकाय विभाग का दावा है कि वह उससे पहले ही इनका निर्माण कार्य पूरा कर लेंगे, क्योंकि कई मकानों का काम पूरा होने वाला है। योजना के तहत लाभार्थी को 2 कमरे, 1 बाथरूम, 1 किचन बनाने के लिए 1.50 लाख रुपये की राशि केंद्र सरकार की तरफ से जारी की जाती है, जबकि राज्य सरकार की तरफ से 25 हजार रुपये की सहायता दी जाती है। बाकी बची राशि लाभार्थी की तरफ से खुद खर्च की जाती है। इतना निर्माण करने पर 3.50 लाख से 4.50 लाख रुपये तक का खर्च आता है।

1328.19 करोड़ की राशि स्वीकृत 

पीएम आवास योजना के तहत अब तक 1328.19 करोड़ रुपये की स्वीकृत की गई है। इसमें 1148.37 करोड़ केंद्र और 179.82 करोड़ की स्वीकृति राज्य सरकार की तरफ से की गई है। हालांकि इसमें से अब तक 799.49 करोड़ की राशि केंद्र व राज्य सरकार की तरफ से अपने-अपने शेयर के रूप में जारी की गई है, जिसमें से 727.74 करोड़ खर्च हुए हैं।

अब तक कुल जारी व खर्च की गई राशि 
वित्तीय वर्ष                         केंद्र व राज्य सरकार की तरफ से जारी राशि             खर्च राशि (करोड़ रुपये)

2016-2022                                     448.73                                                     284.52
2022-23                                        141.57                                                      285.33
2023-24                                        209.19                                                      232.38
2024-25                                          -----                                                           25.51

पीएम आवास योजना के तहत आधे से ज्यादा मकानों का काम पूरा किया जा चुका है। जिन मकानों का काम रह गया है, उनका भी 31 दिसंबर, 2024 से पहले-पहले पूरा कर लिया जाएगा। केंद्र की योजना पर विभाग तेजी से काम कर रहा है। - उमा शंकर गुप्ता, निदेशक, स्थानीय निकाय विभाग, पंजाब।
विज्ञापन



 
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें