कांग्रेस अब पूरी तरह चुनावी मोड में आ गई है। मंगलवार को प्रदेश कांग्रेस प्रधान कैप्टन अमरिंदर सिंह की अगुवाई में नव-गठित पीसीसी की पहली मीटिंग हुई। इसमें जल्द जिलास्तर तक संगठन खड़ा करने का फैसला किया गया।
बैठक में पंजाब प्रभारी डॉ. शकील अहमद भी शामिल हुए। सभी जिला प्रधानों को हिदायत दी गई कि वे 23 मई तक जिला कमेटियों की सूची प्रदेश कार्यकारिणी को भेज दें। ताकि कांग्रेस मुख्यालय को सूचियां भेज कर मंजूरी ली जा सके।
27 मई तक सभी जिला कमेटियां फाइनल करने का लक्ष्य रखा गया है। इसकेबाद तीस मई को प्रदेश कांग्रेस कमेटी की अगली मीटिंग होगी। इसमें पार्टी विधानसभा चुनाव के मद्देनजर अगले कार्यक्रम का एलान करेगी। कैप्टन अमरिंदर ने पदाधिकारियों से कहा कि पार्टी ने उन्हें जिम्मेदारी दी है।
अब उनकी जिम्मेदारी है कि विधानसभा चुनाव में पार्टी की जीत यकीनी बनाने को काम करें। सभी नेताओं से कहा गया कि वे अपने हलकों में जाकर चुनाव की तैयारी करें। अकाली-भाजपा सरकार और लोगों को झूठे सपने दिखाने वाली आप का पर्दाफाश किया जाए।
कैंपेन कमेटी की चेयरपर्सन अंबिका सोनी ने कहा कि वर्कर पार्टी की रीढ़ हैं। पार्टी प्रधान सोनिया गांधी वर्करों पर भरोसा करती हैं। उनकी ओर से दी गई जिम्मेदारी निभाना हम सबका फर्ज है
। इसलिए पदाधिकारी गांव-गांव जाकर सरकार की नाकामियों के बारे में लोगों को बताएं, कांग्रेस की नीतियों का प्रचार करें। बैठक में सहप्रभारी हरीश चौधरी, सांसद चौधरी संतोख व रवनीत बिट्टू, रजिंदर कौर भट्ठल और लाल सिंह भी मौजूद थे।
शकील ने दिया सबको साथ लेकर चलने का संदेश
पंजाब प्रभारी शकील अहमद ने बैठक में पदाधिकारियों से कहा कि वे सभी को साथ लेकर चलें। ताकि जिन लोगों को पद नहीं दिए गए हैं, वे खुद को नजरंदाज किए हुआ न समझें। शकील ने कहा कि कांग्रेस एक बड़ी पार्टी है, हाईकमान के लिए सभी को उप प्रधान व महासचिव बनाना संभव नहीं है, लेकिन इसका मतलब यह नहीं है कि जिन्हें पद नहीं दिया गया, वे इस लायक नहीं हैं। पार्टी के लिए सभी लोग महत्वपूर्ण हैं। इसलिए पदाधिकारियों को सभी को साथ लेकर चलना चाहिए। गौरतलब है कि पीसीसी के एलान के साथ ही कई जिलों में नेताओं ने नाराजगी जताई है।
बाबा हरदेव के संस्कार में अंबिका करेंगी प्रतिनिधित्व
बाबा हरदेव सिंह के बुधवार को दिल्ली में होने वाले अंतिम संस्कार में अंबिका सोनी पंजाब प्रदेश कांग्रेस के दल की अगुवाई करेंगी। कैप्टन अमरिंदर सिंह ने कहा कि वह किन्हीं कारणों से संस्कार में शामिल नहीं हो सकेंगे। प्रदेश कांग्रेस की ओर से रजिंदर कौर भट्ठल और सांसद चौधरी संतोख श्रद्धांजलि भेंट करेंगे।