एमफिल करने का सपना संजोए बैठे विद्यार्थियों को नई सौगात मिली है। अब विद्यार्थी डेढ़ साल की बजाय मात्र एक साल में एमफिल कर सकेंगे। एमडीयू के मानविकी संकाय की मीटिंग में बुधवार को नए सिलेबस की मंजूरी दे दी गई है, जो नए सत्र से लागू कर दिया जाएगा।
दरअसल, एमडीयू में अभी तक अंग्रेजी, हिंदी, संस्कृत और पत्रकारिता व जनसंचार विषयों में डेढ़ वर्ष का एमफिल था, जिसमें छह-छह महीने के तीन सेमेस्टर थे। गत वर्ष यूजीसी (यूनिवर्सिटी ग्रांट कमीशन) ने एमफिल के मानकों में बदलाव करते हुए एमफिल कोर्स को एक साल कर दिया था।
हालांकि सत्र के बीच में यह संभव नहीं हो सका, लेकिन अब एमडीयू में नए नियमानुसार इन विषयों में एमफिल कोर्स को एक साल का कर दिया दिया गया है। बुधवार को मानविकी संकाय के अधिष्ठाता प्रो. सुरेंद्र कुमार की अध्यक्षता में हुई बैठक में एक वर्ष के एमफिल को मंजूरी दे दी गई है।
एक वर्षीय एमफिल में छह-छह माह के दो सेमेस्टर होंगे। पिछले दिनों सभी विषयों के पीजी बोर्ड से मंजूरी मिलने के बाद अब मानविकी संकाय से अनुमति दी गई है।