नौकरी के साथ लॉ करने का सपना अब साकार नहीं हो सकेगा। आईएएस, आईपीएस और अन्य अधिकारियों की इस इच्छा पर ग्रहण लगने जा रहा है। पंजाब यूनिवर्सिटी (पीयू)का लॉ डिपार्टमेंट अपने ईवनिंग लॉ कोर्स को अगले सेशन से बंद करने जा रहा है।
बार काउंसिल ऑफ इंडिया (बीसीआई) ने लॉ डिपार्टमेंट के डीन से संपर्क कर ईवनिंग कोर्स मामले में स्पष्टीकरण मांग कर पूछा है कि वह कैसे ईवनिंग कोर्स चला रहे हैं। बीसीआई ने लीगल एजुकेशन रूल्स-2008 का हवाला देते हुए इसे नियमों केखिलाफ बताया और जारी नहीं रखने की बात भी स्पष्ट कर दी। जिसके बाद पीयू लॉ डिपार्टमेंट के चेयरमैन प्रो. विजय नागपाल ने स्पष्ट कर दिया कि वह सत्र 2017-18 से ईवनिंग कोर्स को नहीं चलाएंगे।
पीयू पिछले कई सालों से तीन और पांच वर्षीय लॉ ईवनिंग कोर्स करवा रहा है। बहुत से आईएएस, आईपीएस और अन्य अधिकारी तथा स्टूडेंट्स ईवनिंग लॉ कोर्स कर चुके हैं। सीनियर सिटिजन और सेवानिवृत्त अधिकारी भी ईवनिंग लॉ कोर्स कर चुके हैं और कुछ कर भी रहे हैं। लेकिन इन दोनों ही कोर्स के लिए डिपार्टमेंट ने बीसीआई से इजाजत नहीं ली है। डिपार्टमेंट दो शिफ्ट में लॉ कोर्स करवाता है।जिसमें पहली शिफ्ट सुबह 8 बजे से दोपहर 1.30 बजे तक और ईवनिंग कोर्स की शिफ्ट दोपहर 1.30 से शाम 7 बजे तक चलती है।
बीसीआई ने अपने पत्र में पीयू से कहा है कि सुबह 8 बजे से शाम 7 बजे तक एकेडमिक बिल्डिंग में क्लासेज व्यावहारिक नहीं हैं। हालांकि लाइब्रेरी रात 10 बजे तक खोली जा सकती है। बीसीआई ने नियमों का हवाला देते हुए यह भी बताया कि कोई भी रेगुलर कोर्स का मतलब दिन में 5 घंटों की लगातार क्लास और अलग से आधे घंटे का ब्रेक होना जरूरी होता है। जबकि सप्ताह में वर्किंग शेड्यूल 30 घंटों से कम नहीं होना चाहिए।