पंजाब यूनिवर्सिटी छात्र काउंसिल चुनाव की तारीख घोषित होने से पहले ही सभी छात्र संगठनों ने चुनाव प्रचार शुरू कर दिया है। लिंगदोह नियमों की पीयू कैंपस और कॉलेजों में पूरी तरह अनदेखी हो रही है। पीयू प्रशासन की ओर से छात्र नेताओं पर सख्ती के बावजूद कैंपस को बदरंग किया जा रहा है। छात्र नेताओं ने मनमर्जी से कैंपस में पोस्टर लगाने शुरू कर दिए हैं।
पीयू प्रशासन और चंडीगढ़ पुलिस के अधिकारियों द्वारा कड़ी हिदायतों के बावजूद पीयू हॉस्टल, विभागों में दीवारों पर पोस्टर लगाए जा रहे हैं। कई छात्र नेताओं ने तो शहर की मुख्य सड़कों और सेक्टरों के साइन बोर्ड को भी नहीं छोड़ा। पीयू कैंपस की मार्केट में दुकानों पर पोस्टर लगाए हुए हैं, लेकिन पीयू प्रशासन ने अभी तक कोई कार्रवाई नहीं की है।
प्राइवेट कॉलेजों में दीवारों पर पोस्टर
पीयू कैंपस ही नहीं शहर के कई कॉलेजों में भी जमकर पोस्टर लगाए जा रहे हैं। डीएवी कॉलेज सेक्टर-10 की मुख्य दीवारों पर छात्र नेताओं ने पोस्टर लगाए हुए हैं। उधर सेक्टर-26 स्थित गुरु गोबिंद सिंह कॉलेज और सेक्टर-32 एसडी कॉलेज के भी छात्र नेताओं ने चुनाव को लेकर कई जगहों पर पोस्ट लगाए हुए हैं।
पीयू में एंट्री हुई मुश्किल
पीयू प्रशासन ने चुनाव से पहले ही कैंपस में एंट्री पर चेकिंग बढ़ा दी है। बुधवार को गेट नंबर 1 पर सभी वाहनों को चेकिंग के बाद ही एंट्री मिली। गाड़ियों से हॉकी और रॉड भी मिली। उधर पीयू ने सीसीटीवी कैमरों को भी दुरुस्त कराने के निर्देश जारी कर दिए हैं।
पोस्टर लगाने वाले छात्र नेताओं पर केस
यूटी पुलिस ने सरकारी और निजी प्रापर्टी पर पोस्टर लगाने वाले छात्र नेताओं और संगठनों के खिलाफ दिल्ली प्रवेंशन ऑफ डिफेसमेंट एक्ट के तहत केस दर्ज करने शुरू कर दिए हैं। अलग-अलग थानों में इस तरह के कुल 8 केस दर्ज किए गए हैं। इनमें एचएएस डीएवी कॉलेज सेक्टर-10 के प्रेसिडेंट, सेक्टर-26 के एसजीजीएस कॉलेज के एचपीएसयू पार्टी प्रेसिडेंट समेत अन्य लोग शामिल हैं। इसके अलावा भी सरकारी प्रापर्टी पर विज्ञापन संबंधी पोस्टर चस्पा करने वालों के खिलाफ संबंधित नियमों के तहत पर्चा दर्ज किया गया है।
पीयू प्रशासन छात्र काउंसिल चुनाव में किसी भी छात्र संगठन द्वारा मनमर्जी से पोस्टर लगाने पर कड़ी कार्रवाई करेगा। पीयू इस संबंध में पुलिस में एफआईआर भी दर्ज करवाएगा। सभी छात्र संगठनों को चुनाव की तिथि घोषित होने से पहले अंतिम बार सचेत किया जाएगा।
डॉ. जितेंद्र ग्रोवर, चीफ सिक्योरिटी अफसर, पंजाब यूनिवर्सिटी।