पंजाब यूनिवर्सिटी स्थित यूनिवर्सिटी इंस्टीट्यूट ऑफ इंजीनियरिंग एंड टेक्नोलॉजी (यूआईईटी) में तीन छात्रों को क्लास अटेंड नहीं करने देने का मामला सुलझ गया।
यूआईईटी छात्रों के कड़े विरोध के बाद डायरेक्टर ने दो छात्र और एक छात्रा को क्लास करने की अनुमति दे दी है। लेकिन इनको 15 दिन की अटेंडेंस नहीं मिलेगी।
मंगलवार को भी मामले को लेकर कई घंटे तक यूआईईटी विभाग में हंगामा हुआ। पीयू स्टूडेंट काउंसिल के ज्वाइंट सेक्रेटरी अमित कौशिक और अन्य छात्र संगठनों ने सुबह 10 से 2 बजे तक विरोध किया।
यूआईईटी डायरेक्टर ने छात्रों और अभिभावकों के साथ मीटिंग की। काफी चर्चा के बाद तीनों को शर्त के साथ क्लास अटेंड करने की अनुमति दे दी गई। गौरतलब है कि यूआईईटी के तीन छात्रों की बंगलूरू की एक प्राइवेट कंपनी में प्लेसमेंट हुई थी और उनको करीब छ लाख का पैकेज भी मिला।
दो छात्र और छात्रा छ महीने की ट्रेनिंग करने के लिए बंगलूरू भी गए। लेकिन कुछ दिन बाद ही वापस यूआईईटी विभाग में लौट आए। छात्रों का आरोप था कि कंपनी की ओर से जो प्रोफाइल प्लेसमेंट के समय दी गई वह उन्हें ट्रेनिंग के दौरान नहीं मिली। छात्रों के अनुसार उनसे कॉल सेंटर का काम कराया जा रहा था।
कंपनी में मनपसंद काम नहीं मिलने पर तीनों यूआईईटी विभाग लौट आए थे और इनको क्लास अटेंड करने की अनुमति नहीं मिलने के बाद सोमवार को ही विरोध प्रदर्शन शुरू हो गया। ज्वाइंट सेक्रेटरी अमित कौशिक ने कहा कि डायरेक्टर द्वारा तीनों को क्लास अटेंड करने की अनुमति दे दी गई है।