बेसिक शिक्षा ही शिक्षा की नींव है। इसकी मजबूती के लिए प्ले वे स्कूल से लेकर उच्च स्कूल तक खोलने की योजना तैयारी की गई है। 4000 हजार नए प्ले वे स्कूल खुलने से विद्यार्थी समय पर स्कूल में दाखिल हो सकेंगे। कक्षा नौ से 12 तक मुफ्त शिक्षा से आर्थिक रूप से कमजोर परिवारों को लाभ मिलेगा। मेडिकल शिक्षा में बजट के जरिए ऊंची छलांग लगाने की कोशिश की गई है। जींद, महेंद्रगढ़, फरीदाबाद, सिरसा, कैथल जिलों में मेडिकल कॉलेज खुलेंगे तो चंडीगढ़ के स्वास्थ्य ढांचे पर भार कम होगा।
मरीजों को उनके घरों के आसपास ही सस्ता इलाज मिलेगा। डेंटल कॉलेज की स्थापना करना अच्छी पहल है। पंचकूला समेत छह जिलों में नर्सिंग इंस्टीट्यूट के जरिए स्वास्थ्य शिक्षा मुहैया होगी। मुख्यमंत्री अंत्योदय परिवार उत्थान अभियान के तहत एक लाख से अधिक गरीब परिवारों की हर दृष्टि से सरकार आय बढ़ाने की बात कर रही है। इनकी सालाना आय 1.80 लाख तक करने का जो खाका खींचा गया है, यह निर्णय सरकार को एक अलग महत्व दिलाएगा। हरियाणा की प्रति व्यक्ति आय 2.47 लाख रुपये है जो मजबूत स्थिति में है। यह आय नई योजनाओं के जरिए और बढ़ने के आसार हैं। - प्रो. मधुर महाजन, अर्थशास्त्री, एसडी कॉलेज, चंडीगढ़।
गृहिणी आरती शर्मा
सवाल : महंगाई पर अंकुश लगाने के लिए सरकार ने क्या किया
जवाब : आर्थिक मामलों के जानकार जेएस नैन ने कहा कि जनता को राहत देने के लिए सीधा कोई एलान नहीं हुआ। सरकार ने न तो पेट्रो पदार्थों पर वैट कम किया न ही कोरोना के दौरान बढ़ाए गए बस किराए में कोई कमी की। बढ़ती कीमतों के बीच रसोई गैस सिलेंडर पर सब्सिडी को लेकर कोई घोषणा नहीं। बजट में ऐसा कोई प्रावधान नहीं, जिससे रसोई का बिगड़ा बजट ठीक होगा।
मयंक गोदारा
सवाल : शिक्षा क्षेत्र में जमीनी स्तर पर सुधार के लिए क्या कदम उठाए
जवाब : शिक्षाविद दलबीर मलिक ने कहा कि काफी घोषणाएं अच्छी हैं। जिनसे शिक्षा का स्तर सुधरेगा। सेकेंडरी व सीनियर सेकेंडरी छात्रों को मुफ्त शिक्षा से अभिभावकों की जेब पर फीस का बोझ कम हो जाएगा। बजट बढ़ा है, इससे स्कूलों के मूलभूत ढांचे में भी सुधार आएगा। केजी से पीजी तक शिक्षा एक ही जगह शुरू करने के फैसले को वह उचित नहीं मानते। प्ले स्कूल व क्रेच शुरू करने का निर्णय सराहनीय है।
धर्म सिंह
सवाल : स्वास्थ्य सुविधाएं कैसे बढ़ेंगी, कोरोना से निपटने के क्या इंतजाम
जवाब : स्वास्थ्य विभाग के अतिरिक्त मुख्य सचिव राजीव अरोड़ा ने कहा कि आने वाले एक साल में पूरा स्वास्थ्य ढांचा बदल जाएगा। स्वास्थ्य पर सरकार ने बजट में खास ध्यान दिया है। सीएचसी व जिला अस्पताल कोरोना जैसी महामारी से निपटने के लिए तैयार किए जाएंगे। हर जरूरी सुविधा उपलब्ध कराएंगे। कोरोना से निपटने के लिए डॉक्टरों की भर्ती कर रहे हैं। वेलनेस सेंटर व अस्पतालों में बेड की सुविधा काफी राहत देगी। जरूरी दवाओं का स्टाक हर वक्त सरप्लस रहेगा।
बजीर सिंह
सवाल : कर्मचारियों के लिए सरकार ने कुछ नहीं किया, ऐसा क्यों
जवाब : वित्त विभाग के अतिरिक्त मुख्य सचिव टीवीएसएन प्रसाद ने कहा कि कर्मचारियों, उनके परिवार के लिए कैशलेस योजना लाई है। इसमें पेंशन व उनके आश्रित भी शामिल हैं। कर्मचारी हितैषी अन्य निर्णय लिए गए हैं। कर्मचारियों से जुड़े कुछ नीतिगत मामलों में निर्णय प्रक्रिया में हैं। कर्मचारियों की सबसे बड़ी मांग कैशलेस योजना की ही थी। श्रमिकों से जुड़े ऐतिहासिक निर्णय बजट में हैं।
सीएन भारती
सवाल : बेरोजगारों को रोजगार देने के लिए सरकार ने क्या कदम उठाए
जवाब : सीएम मनोहर लाल ने बताया कि निजी क्षेत्र के अलावा सरकारी क्षेत्र में 80 हजार से एक लाख पद भरने की तैयारी है। सरकारी विभागों को खाली पदों का डाटा जुटाकर कर्मचारी चयन आयोग को भर्ती की मांग भेजने को कहा है। प्रदेश में 18 से 60 साल आयु के 8.36 लाख बेरोजगार हैं। इन्होंने सरकारी पोर्टल पर पंजीकरण करवाया है। इनकों ध्यान में रखते हुए रोजगार के नए अवसर सृजित करेंगे।