बीबीसी ने दिल्ली के बहुचर्चित निर्भया गैंगरेप के आरोपी के बाद अब छेड़छाड़ की शिकार रोहतक सिस्टर्स का इंटरव्यू लिया। सरकारी रेस्टोरेंट में बीबीसी की टीम के सामने दोनों बहनों पूजा और आरती का दर्द फूट गया।
बीबीसी प्रतिनिधि ने पूजा से पूछा था कि अगर 28 नवंबर 2014 जैसी घटना दोबारा हुई तो क्या वे उसी तरह विरोध करेंगी? अब छेड़छाड़ का विरोध करने की हिम्मत नहीं बची है। पूजा ने कहा कि मैं अंदर तक टूट गई हूं। यह कहना है बस में छेड़छाड़ की शिकार रोहतक सिस्टर्स का। छेड़छाड़ करने वालों को सबक सिखाने के लिए शायद ही अब वह हिम्मत जुटा पाऊं, जो बस के अंदर दिखाई थी।
टीम ने करीब एक घंटे तक दोनों बहनों से बात की और रिकॉर्डिंग की। पूजा ने पुलिस प्रशासन पर सवाल उठाते हुए कहा कि जांच को लगातार लटकाया जा रहा है। सीबीआई लैब की पॉलीग्राफ टेस्ट की रिपोर्ट का वही हिस्सा कैसे उजागर हुआ, जो उनके खिलाफ बताया जा रहा है। पूरी रिपोर्ट क्यों नहीं उजागर की जा रही है।
समझौते के सवाल पर आरती ने कहा कि उनके खिलाफ योजना के तहत ऐसी बातों को सामने लाया जा रहा है, जिनका न तो केस से संबंध है और न ही कोई औचित्य है। केवल मानसिक दबाव बनाने के लिए ऐसे किया जा रहा है।