फिल्म बॉम्बे टू गोवा के जरिए बॉलीवुड में स्टार के तौर पर उभरीं अरुणा ईरानी शुक्रवार को सिटी ब्यूटीफुल पहुंचीं। वह शनिवार को सेक्टर 32 स्थित एसडी कॉलेज में यादगार-ए रफी सोसाइटी की ओर से आयोजित रफी नाइट में बतौर मुख्य मेहमान शिरकत करेंगी।
बॉलीवुड की फिल्मों में अपने विभिन्न किरदारों के जरिए पहचान बनाने वाली अरुणा ईरानी ने कहा कि आजकल अच्छी फिल्में बन रही हैं लेकिन वो मुझे समझ में नहीं आतीं। आजकल पुराने गानों को रीमिक्स करके सुना जा रहा है। ये बात मुझे अच्छी लगती है कि आज का युवा भी पुराने गानों को सुन रहा है और पसंद कर रहा है। भले ही संगीत को थोड़ा बदल दिया गया है। फिर भी गाने के बोल तो वही हैं जो सालों पहले थे। वहीं जब इनसे पूछा गया कि आपको अपनी कौन से सबसे अच्छी फिल्म लगती है तो जवाब में उन्हाेंने कहा फिल्म जो मेरे चाहने वालाें को अच्छी लगे वह ही मेरी सबसे बेहतर मूवी है।
दूसरी पारी से खुश: फिल्मों से काफी समय से दूर रहीं अरुणा ईरानी पिछले कुछ सालों से टीवी के पर्दे पर विभिन्न सीरियल में अपने अभिनय की छाप छोड़ रही हैं। इस दौरान इन्हाेंने अपना सीरियल भी बनाया। लेकिन पिछले चार साल से सीरियल बनाना बंद कर दिया है और अब पूरा ध्यान सीरियल की एक्टिंग में लगा रखा है। अरुणा ईरानी ने कहा कि वह टीवी के जरिए दूसरी पारी से बहुत खुश हैं।
'नोटबंदी का फैसला सही'
अरुणा ईरानी पहुंचीं चंडीगढ़
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टीवी के जरिए हर घर में पहुंचीं: अरुणा ने कहा कि टीवी में काम करना अपने आप में किसी चैलेंज से कम नहीं है। उनकेअनुसार टीवी के जरिए उनको अधिक ख्याति मिली। अरुणा ने कहा कि क्योंकि टीवी हर घर -घर में देखा जाता है चाहे वह महिला, पुरुष क्यों न हो हर कोई इसे देखता है। बॉलीवुड के नामी गिरामी स्टार भी अपनी फिल्माें केप्रचार के लिए टीवी का सहारा ले रहे हैं।
ऐसे सीखा डॉयलाग डिलीवरी : अरुणा ने बताया कि वह गरीब परिवार से ताल्लुक रखती थीं। पिता की ड्रामा कंपनी थी। कंपनी में जो कलाकार काम करते थे । मुझे पिता जी उन सभी कलाकाराें के काम को दिखाते थे और बाद में उनकी तरह डॉयलाग बोलने को कहते थे। यहीं से डॉयलाग बोलना सीखा।
खुश रहो फिट रहो: इस उम्र में भी इतने फिट रहने केसवाल में अरुणा ईरानी ने कहा, ‘इसमें कोई राज नहीं है। आप बस खुश रहिए, हंसते रहिए। वहीं इन्हाेंने यह भी कहा योग करें, एक्सरसाइज करें और फिट रहें। इसी मे जीने का मजा है।’
नोटबंदी का फैसला सही: अरुणा केअनुसार सरकार ने नोटबंटी का एक बड़ा फैसला लिया है। जो देश में कालाधन को खत्म करने के लिए जरूरी था। मगर कुछ लोग अपने राजनीतिक स्वार्थों के लिए इसे गलत साबित करने में लगे हैं। उन्होंने कहा कि जो लोग एटीएम की लाइन में लगने को परेशानी का नाम दे रहे हैं। मै उनसे पूछना चाहूंगी की जब वे फ्री मोबाइल सिम लेने के लिए कई घंटे लाइनों में लगे रहते हैं। तब तो उन्हें कोई परेशानी नहीं होती। लेकिन अगर पैसे निकलवाने के लिए उन्हें थोड़ी देर लाइनों में लगना पड़ गया तो उन्हें परेशानी होने लगी। उन्होंने कहा कि सरकार ने यह कदम देश के भले के लिए उठाया है और हमें इस कदम में सरकार का साथ देना चाहिए।