देश के 11 राज्यों के बाद अब पंजाब में भी बर्ड फ्लू ने दस्तक दे दी है। मोहाली जिले से अलग-अलग स्थानों से 800 पक्षियों के नमूने जालंधर लैब में भेजे गए। जिनमें दो पोल्ट्री फार्म के पक्षियों में बर्ड फ्लू का वायरस मिला है। एहतियात के तौर पर विभागीय अधिकारियों ने पोल्ट्री फार्म के मालिकों को पक्षियों को नष्ट करने को कहा है। बता दें कि इससे पहले हरियाणा के पंचकूला जिले में बर्ड फ्लू की पुष्टि हो चुकी है।
पंजाब सरकार बर्ड फ्लू के खतरे को देखते हुए दूसरे राज्यों से आने वाले मीट, मुर्गों और अंडों पर पहले ही प्रतिबंध लगा चुकी है। पंजाब सरकार की ओर से ये फैसला तब लिया गया था, जब हरियाणा के पोल्ट्री और अंडों को पंजाब में डंप किए जाने की सूचना मिली थी। पंजाब सरकार ने बर्ड फ्लू के खतरे को भांपते हुए हाल ही में जालंधर की लैब को कोविड टेस्ट रोककर पक्षियों के नमूने के परीक्षण को कहा था।
लैब की क्षमता के अनुसार हर रोज 100-150 टेस्ट किए जा रहे हैं। पशुपालन एवं डेयरी विभाग के सचिव अतुल चतुर्वेदी ने बताया कि सूबे में अलग-अलग जगहों से पक्षियों के मरने की सूचना मिल रही है लेकिन इससे घबराने की आवश्यकता नहीं है। अन्य राज्यों की अपेक्षा पंजाब में हालात बेहतर हैं। विभाग ने एहतियातन कई महत्वपूर्ण कदम उठाए हैं, जिस पर काम किया जा रहा है।
रूपनगर की मृत बतख में भी मिला वायरस
पंजाब के रूपनगर में हाल ही में एक बतख मृत मिली थी, जिसको परीक्षण के लिए जालंधर लैब भेजा गया था। जांच में इस बत्तख में बर्ड फ्लू की पुष्टि हुई थी लेकिन विभागीय अधिकारी इस मामले में अनभिज्ञता जाहिर कर रहे हैं। विभागीय सूत्रों के अनुसार बतख के नमूने अब भोपाल की लैब में दोबारा परीक्षण को भेजे गए हैं। जिसकी रिपोर्ट अभी तक नहीं मिल पाई है।
क्या बोला मोहाली प्रशासन
मोहाली में बर्ड फ्लू का संदिग्ध मामला आने के बाद जिला प्रशासन पूरी तरह से हरकत में आ गया। इस मामले में डीसी गिरीश दिलालन ने लोगों से अपील की है कि उन्हें घबराने की जरूरत नहीं है। प्रशासन की तरफ से पूरी एतिहात बरती जा रही है। संदिग्ध मामलों पर नजर रखने के लिए रोजाना सैंपल लेने की प्रक्रिया चल रही है। उन्होंने कहा कि एक संदिग्ध मामला एनआरडीडीएल जालंधर को भेज दिया गया है। जहां से उसे आगे की जांच के लिए भोपाल भेजा जा रहा है। प्रशासन उस रिपोर्ट का इंतजार कर रहा है। उसके बाद ही स्थिति साफ होगी।