हरियाणा पुलिस के लिए पहेली बन चुकी डेरामुखी की खास राजदार हनीप्रीत पर पांच लाख रुपये का ईनाम रखा गया है। ईनाम हनीप्रीत के बारे में सूचना देने या उसे ढूंढकर लाने वाले को दिया जाएगा।
इसकी घोषणा राम रहीम के बेटे जसमीत की पत्नी खुशप्रीत के ममेरे भाई भूपेंद्र सिंह गोरा ने सोमवार को यहां की। गोरा पंजाब के पूर्व मंत्री हरमिंदर सिंह जस्सी के दूर के भांजे भी हैं। गोरा ने पत्रकारों से बातचीत में कहा कि वह वर्ष 2011 तक डेरे से जुड़े रहे। हनीप्रीत को जस्सी ने ही अपनी जेड प्लस सिक्योरिटी की आड़ में खुफिया ठिकाने पर पहुंचाया है। वह किसी डेरा प्रेमी के घर पर ही मिलेगी।
जस्सी से पूछताछ में बड़े राज खुल सकते हैं। चूंकि, हनीप्रीत के बाद जस्सी ही डेरामुखी का सबसे करीबी था। डेरामुखी के जेल जाने के बाद हनीप्रीत 25 अगस्त को सिरसा डेरे में पहुंच गई थी, लेकिन 27 अगस्त को रहस्यमय तरीके से भूमिगत हो गई। उसके बाद से वह फरार चल रही है और पुलिस यहां-वहां उसकी तलाश में भटकी हुई है। उसे गिरफ्त में लेने के लिए डेरामुखी के पुश्तैनी गांव गुरसर मोडिया में पुलिस को छापेमारी में जस्सी के सुरक्षा गार्ड मिले हैं।