हरियाणा में मंगलवार को कृषि कानूनों के विरोध में प्रस्तावित भारत बंद का पूरा असर दिखा। इस दौरान कई जगह हाईवे जाम रहे। भारत बंद के समर्थन में मंगलवार को हरियाणा में भरपूर समर्थन मिला। कृषि कानूनों के विरोध में पूरे प्रदेश में हाईवे जाम रहे।
दूल्हे व बराती चक्काजाम में फंसे
उधर, पंजाब के जालंधर में भारत बंद के चलते किसानों के चक्काजाम में दो जगहों पर बरात फंस गई। काफी मशक्कत के बाद बरात को किसानों व पुलिस ने जाम से निकालकर रवाना किया। पहला मामला पीएपी चौक का है, जहां किसानों ने पीएपी फ्लाईओवर पर जाम लगाकर हाइवे बंद कर रखा था। इसी समय एक बरात लुधियाना की तरफ जा रही थी। दूल्हे की कार जाम में फंस गई। इसकी सूचना पुलिस को दी गई। उन्होंने दूल्हे की कार को जाम से बाहर निकालकर रवाना किया। जालंधर के गोराया कस्बे में भी दूल्हे की कार और बरात जाम में फंस गई। पुलिस वालों ने कार को जाम से निकालकर रवाना किया।
हरियाणा में बंद का मिलाजुला असर-
हरियाणा में भी लोगों ने भारत बंद का समर्थन किया। किसानों के आह्वान पर भारत बंद का रोहतक जिले में दोपहर साढ़े 12 बजे तक व्यापक असर रहा। किसानों और ग्रामीणों ने रोहतक हिसार रोड को मदीना, बहुअकबरपुर, रोहतक-पानीपत रोड को ब्राह्मणवास, आउटर बाईपास को बोहर बाईपास, बेरी रोड को बालंद के नजदीक जाम कर दिया।
रोडवेज बसों का संचालन जाम के चलते पूरी तरह ठप रहा। शहर में सेक्टरों और आउटर में दुकानें बंद रही, जबकि पुराने शहर के बाजार खुले रहे। हालांकि ग्राहक कम दिखाई दिए। जिला बार के वकीलों ने पूरी तरह किसानों के समर्थन में वर्क सस्पेंड रखा। अनाज मंडी में आढ़तियों ने दुकानें बंद रखी, जबकि पुरानी सब्जी मंडी खुली रही। सरकारी कार्यालय खुले, लेकिन आम लोग कम पहुंचे। बंद अब तक पूरी तरह शांतिपूर्ण रहा। किसानों ने दोपहर 3 बजे तक बंद का आह्वान किया है। हालांकि पूरे प्रदेश में बंद का मिलाजुला असर रहा है।