फतेहगढ़ साहिब में गुरुद्वारा टाहली साहिब दुफेड़ा के प्रमुख संत बाबा राम सिंह गंढुआं वालों का निधन हो गया। उन्होंने बुधवार को मोहाली में एक निजी अस्पताल में अंतिम सांस ली।
बाबा राम सिंह काफी समय से बीमार चल रहे थे। उपचार के दौरान उनका निधन हुआ। उनके निधन के बाद डेरा दुफेड़ा में उनके श्रद्धालु भारी संख्या में पहुंचे।
बताया जा रहा है कि 26 मई रविवार को गुरुद्वारा टाहली साहिब में पार्थिक देह को पंचतत्व में विलीन किया जाएगा। उल्लेखनीय है कि क्रिकेटर युवराज सिंह का परिवार इस डेरे से काफी समय से जुड़ा हुआ है। अकसर युवराज सिंह डेरा प्रमुख बाबा राम सिंह से आशीर्वाद लेने आते रहते थे। युवराज सिंह ने नवंबर 2016 में अपनी शादी इसी डेरे में साधारण तरीके से की थी। युवराज सिंह जब कैंसर से जूझ रहे थे तो उस समय भी कई बार डेरा प्रमुख से आशीर्वाद लेने पहुंचे थे। इसके अलावा क्रिकेटर हरभजन सिंह भी युवराज के साथ यहां आकर नतमस्तक हुए थे। 30 नवंबर 2016 को युवराज सिंह की शादी हेजल कीच से हुई थी। डेरा प्रमुख बाबा राम सिंह के आशीर्वाद के बाद रस्में संपन्न हुईं। इससे पहले हेजल कीच का नाम बदला गया था। हेजल का नाम बदलकर गुरबसंत कौर नाम भी बाबा राम सिंह ने ही रखा था।
गुरुद्वारा टाहली साहिब सरहिंद-चंडीगढ़ रोड पर स्थित है। मार्च महीने भी युवराज सिंह बाबा राम सिंह को अस्पताल में उनका हाल जानने पहुंचे थे गुरु और शिष्य दोनों में वैराग साफ झलक रहा था और बाबा जी के आंखों में भी आंसू थे।
इस डेरे से कई सियासतदानों की श्रद्धा भी जुड़ी हुई है। पूर्व केंद्रीय मंत्री मेनका गांधी कई बार डेरा प्रमुख बाबा राम सिंह से आशीर्वाद लेने पहुंची थीं। पूर्व सीएम चरणजीत सिंह चन्नी, पूर्व राज्य सभा सदस्य शमशेर सिंह दूलो, कैबिनेट मंत्री चेतन सिंह जोड़ेमाजरा समेत कई सियासतदान यहां अकसर नतमस्तक होने आते थे।