शेरे-ए-पंजाब महाराजा रणजीत सिंह की 180वीं बरसी पर 27 जून को किला लाहौर में स्थापित किए गए उनके आदमकद बुत को दो शरारती तत्वों ने नुकसान पहुंचाने का प्रयास किया। किले में तैनात सुरक्षा कर्मचारियों ने इन्हें पकड़ कर पुलिस के हवाले कर दिया।
किले का प्रबंध देखने वाले उच्च अधिकारी फकीर सैफुद्दीन की शिकायत पर संबंधित थाना ने दोनों आरोपियों के खिलाफ ईश निंदा कानून के अंतर्गत मामला दर्ज कर उन्हें गिरफ्तार कर लिया है। दोनों आरोपी मौलाना करीम रिजवी के कट्टरपंथी संगठन तहरीक-ए-लबेक के साथ जुड़े हुए हैं।
पाकिस्तान में स्थित सिख ऐतिहासिक और धार्मिक महत्व के अस्थानों की जानकारी देने वाले इतिहासकार बाबा ने जारी किए एक वीडियो में बताया है कि महाराजा रणजीत सिंह का बुत बिल्कुल सुरक्षित है।