मुख्यमंत्री कैप्टन अमरिंदर सिंह
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कोरोना के डेल्टा प्लस वैरिएंट के केस सामने आने पर पंजाब सरकार ने कोविड संबंधी पाबंदियों को 10 जुलाई तक बढ़ा दिया है लेकिन इस बार कई सेवाएं भी शुरू करने की इजाजत दी है। मुख्यमंत्री कैप्टन अमरिंदर सिंह की अध्यक्षता में मंगलवार को वर्चुअल कोविड समीक्षा बैठक हुई। इसमें बार, पब और अहाते 50 प्रतिशत क्षमता के साथ एक जुलाई से खोलने का फैसला हुआ।
कौशल विकास केंद्र और विश्वविद्यालय भी खोलने की भी इजाजत दी गई है लेकिन स्टाफ और विद्यार्थियों को कोरोना वैक्सीन की कम-से-कम एक डोज जरूर लगी होनी चाहिए। आइलेट कोचिंग संस्थाएं खोलने की इजाजत पहले ही दी जा चुकी है। बैठक में मुख्यमंत्री ने स्पष्ट किया कि बार, पब और अहातों को सामाजिक दूरी के प्रोटोकॉल का सख्ती से पालन करना होगा।
जीनोम सीक्वेंसिंग के 489 सैंपलों की रिपोर्ट का इंतजार
कैप्टन ने डेल्टा प्लस वैरिएंट को लेकर चिंता जाहिर करते हुए कहा कि अभी प्रतिबंधों को जारी रखना जरूरी है। मुख्यमंत्री ने कहा कि लुधियाना और पटियाला में डेल्टा प्लस का एक-एक मरीज मिल चुका है। वहीं, मुख्य सचिव विनी महाजन ने बताया कि जीनोम सीक्वेंसिंग के लिए भेजे गए लगभग 489 सैंपल (अप्रैल में 276, मई में 100 और जून में 113) अभी तक केंद्रीय लैब में लंबित हैं।
कैप्टन ने जताया डॉक्टरों का आभार
मुख्यमंत्री कैप्टन अमरिंदर सिंह ने मंगलवार को सभी डॉक्टरों व मेडिकल प्रोफेशनल्स द्वारा कोविड महामारी से निपटने में निभाई गई बेमिसाल सेवाओं की सराहना करते हुए उनका आभार व्यक्त किया है। मुख्यमंत्री ने डॉक्टरों की कड़ी मेहनत की सराहना करते हुए कहा कि मेडिकल पेशेवरों की तरफ से अपना जीवन खतरे में डाल कर नि:स्वार्थ और आत्मत्याग का काम करना सभी के लिए प्रेरणादायक है।
मुख्यमंत्री ने एक जुलाई को मनाए जाने वाले अंतरराष्ट्रीय डॉक्टर दिवस के संदर्भ में अपने संक्षिप्त संदेश में कहा कि पूरे राज्य को मेडिकल पेशेवरों पर गर्व है। प्रत्येक पंजाबी, डॉक्टरों, मेडिकल स्टाफ और सभी हेल्थ वर्कर्स का ऋणी है, जिन्होंने कठिन समय में निरंतर साथ दिया। उन्होंने कहा कि हम जीवन बचाने के लिए आपके योगदान को नहीं भूलेंगे। प्रत्येक पंजाबी आपकी नि:स्वार्थ सेवाओं को हमेशा याद रखेगा।