चंडीगढ़ के सेक्टर 48 की मोटर मार्केट में सड़क पर अतिक्रमण को लेकर पंजाब एवं हरियाणा उच्च न्यायालय में याचिका दाखिल होने के बाद अब चंडीगढ़ नगर निगम की नींद टूटी है। न्यायालय का नोटिस मिलने के बाद निगम ने सड़क पर खड़ी गाड़ियां जब्त की हैं तथा दुकानदारों के बाहर रखे सामान को भी कब्जे में ले लिया। नगर निगम ने यह जानकारी उच्च न्यायालय को दी है।
सेक्टर 48 की मोटर मार्केट के मैकेनिक और दुकानदारों द्वारा मार्केट के बाहर की सड़कों तक पर अतिक्रमण कर रखा है। इसके कारण स्थानीय निवासियों को आ रही परेशानियों के मद्देनजर को-ऑपरेटिव हाउस बिल्डिंग सोसाइटी ने उच्च न्यायालय में याचिका दायर की थी। नगर निगम ने गुरुवार को अदालत को बताया कि बीते एक माह में सड़कों और मोटर मार्केट के बाहर अतिक्रमण करने वाले 50 से अधिक वाहनों को जब्त कर लिया गया है।
निर्धारित स्थान से बाहर सामान लगाने व बिना अलॉट किए स्थान पर वाहन रिपेयर करने वाले मैकेनिकों के सामान जब्त कर लिए गए। यह कार्रवाई लगातार जारी है। नगर निगम ने बताया कि जो वाहन और सामान जब्त किए गए है, उनका सीजर मेमो मैकेनिकों और दुकानदारों को दे दिया गया है। तय प्रावधान के तहत जब्त किए गए सामान पर 2000 रुपये जुर्माना लगाया जाता है।
छात्राओं और महिलाओं को होती है परेशानी
हाउस बिल्डिंग सोसाइटी ने याचिका में बताया की सेक्टर 48 की मोटर मार्केट के पास में कई और सोसाइटी के अलावा एक सरकारी स्कूल, अस्पताल, ई-संपर्क केंद्र, सामुदायिक केंद्र, ओपन एयर थियेटर भी बने हुए हैं। सेक्टर-48 की यह मोटर मार्केट के बाहर की वी रोड तक दुकानदारों, मैकेनिकों ने कब्जा किया हुआ है।
पास ही शराब की दुकान और अहाता मौजूद है, जिसके चलते यहां से गुजरने वाली स्कूली छात्राओं और महिलाओं को काफी परेशानी का सामना करना पड़ता है। उच्च न्यायालय को बताया गया था कि वाहनों के डेंटिंग और पेंटिंग के लिए प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड से सर्टिफिकेट अनिवार्य है। लेकिन बगैर सर्टिफिकेट के डेंटिंग और पेंटिंग का काम धड़ल्ले से किया जा रहा है।