चंडीगढ़। यूटी प्रशासन के अधिकारियों के पास शहर के कुछ निजी अस्पतालों में जरूरत से ज्यादा मेडिकल ऑक्सीजन की खपत की शिकायतें आ रही थीं, जिसके बाद निजी अस्पतालों में ऑक्सीजन सप्लाई के नोडल अधिकारी जगजीत सिंह ने चैतन्य, बेदी और क्लाउड निजी अस्पताल के मेडिकल ऑक्सीजन का रोजाना के लिए कोटा तय कर दिया है। निजी अस्पतालों के लिए आधिकारिक रूप से मंगलवार को कोटा निर्धारित किया गया है।
कोटा तय होने के बाद भी कोई गड़बड़ी न हो, इसके लिए यह भी तय कर दिया गया है कि कौन सा निजी अस्पताल किस एजेंसी से रोजाना ऑक्सीजन भरवाएगा और किसकी देखरेख में भरवाएगा। शहर के ऑक्सीजन सप्लाई के नोडल अधिकारी यशपाल गर्ग ने भी बीते दिनों कुछ निजी अस्पतालों के लिए मेडिकल ऑक्सीजन का कोटा तय किया था। गर्ग ने बताया कि केंद्र सरकार की तरफ से शहर के लिए 20 एमटी मेडिकल ऑक्सीजन का कोटा तय है। बीते कुछ दिनों में कई मिनी कोविड केयर सेंटर खुल गए हैं और वहां भी ऑक्सीजन की खपत हो रही है। सीमित ऑक्सीजन होने की वजह से और उपलब्ध ऑक्सीजन का सही जगह इस्तेमाल हो, इसलिए ही निजी अस्पतालों के लिए रोजाना के ऑक्सीजन का कोटा तय किया गया है।
अस्पताल का नाम डी-टाइप सिलिंडर के लिए कोटा व एजेंसी
ईडन अस्पताल 120 (सुपर एजेंसीज)
सिटी/अपोलो अस्पताल 30 (सुपर एजेंसीज)
लैंडमार्क अस्पताल 80 (चंडीगढ़ गैसीज)
मुकट अस्पताल 50 (सुपर एजेंसीज)
हीलिंग अस्पताल 70 (सुपर एजेंसीज)
संतोख अस्पताल 50 (चंडीगढ़ गैसीज)
केयर पार्टनर्स 30 (सुपर एजेंसीज)
मिनी कोविड सेंटर 5 (सुपर एजेंसीज)
चैतन्य अस्पताल 10 (सुपर एजेंसीज)
बेदी अस्पताल 10 (सुपर एजेंसीज)
क्लाउड अस्पताल 10 (सुपर एजेंसीज)