पाकिस्तान से 532 किलोग्राम हेरोइन की खेप मंगवाने वाले गुरपिंदर सिंह की मौत हो गई है। गुरपिंदर सिंह बीते कई दिनों से न्यायिक हिरासत में था। वह अमृतसर केंद्रीय जेल में बंद था। शनिवार रात जेल में उसकी तबीयत अचानक बिगड़ गई। जेल प्रशासन ने उसे अमृतसर के सिविल अस्पताल में दाखिल करवाया जहां रात को उसकी मौत हो गई।
वहीं गुरपिंदर की मां कमलजीत कौर ने कहा कि उसका बेटा शुगर का मरीज था। उसकी शुगर अचानक कम होती थी और बढ़ जाती थी। यह बात पुलिस को उसकी गिरफ्तारी के साथ ही बता दी गई थी। रविवार सुबह मुझे जेल प्रशासन का फोन आया कि उसके बेटे की तबीयत ठीक नहीं है। उसको खून की उलटी आई है। मैं अस्पताल पहुंची तो तीन डॉक्टरों की टीम ने उन्हें बताया कि कोई भी आपको बेटे के बारे में जानकारी देगा।
थोड़ी देर बाद मुझे बताया गया कि आपके बेटे की मौत हो गई है। गुरपिंदर की मां का आरोप है जब रात के समय उसका बेटा अस्पताल में दाखिल करवाया गया, उस समय परिवार को जानकारी क्यों नहीं दी गई। गुरपिंदर की मौत के बाद पत्रकारों से बातचीत में उसकी मां ने कहा कि उसका बेटा बेकसूर है। पाकिस्तान से नमक की बोरियां 26 जून को आईं थी।
तीन दिन बाद कस्टम अधिकारियों ने उसे आईसीपी में बुलाया। जब उसे पता चला कि नमक की बोरियों में हेरोइन है तो वह उसी समय अपनी कार में बैठ कर आईसीपी पहुंच गया था। कस्टम विभाग ने तीन दिन बाद नमक की बोरियों में हेरोइन बरामदगी का दावा किया। विभाग का यह दावा शक के घेरे में है। उन्होंने आरोप लगाया कि पुलिस ने इस मामले में उसके दूसरे बेटे रविंदर को भी झूठा फंसा लिया है। वहीं जेल प्रशासन का कहना है कि गुरपिंदर के पोस्टमार्टम के बाद ही मौत के कारणों के बारे में कुछ कहा जा सकेगा।